बिजली चोरी करते पार्षद सहित 64 पकड़ाए
भास्कर न्यूज - रायगढ़
विद्युत विभाग ने बकाया बिजली बिल की वसूली और अवैध कनेक्शन के खिलाफ अभियान चलाया है। 70 अधिकारी और कर्मचारियों की टीम ने बुधवार को पुसौर के 14 गांवों में दबिश दी, जहां 355 कनेक्शन की जांच के दौरान 64 प्रकरण दर्ज किए गए। इसमें वार्ड नंबर 8 के पार्षद भी शामिल है, जो लंबे समय से बिना कनेक्शन लिए बिजली का उपयोग कर रहे थे।
बिजली विभाग के राजस्व में चूना लगान वालों में जनप्रतिनिधी भी शामिल है। इसका खुलासा विभागीय छापामार कार्रवाई के दौरान बुधवार को हुआ। मिली जानकारी के अनुसार जिले में अवैध बिजली कनेक्शन और बकाया बिल के प्रति विभाग महाअभियान चलाया है। विभागीय स्तर पर 8 टीमों में 70 अधिकारी और कर्मचारी शामिल है। कार्रवाई के पहले दिन मंगलवार को टीम ने कोतरारोड थाना क्षेत्र के 14 गांवों में दबिश दी, वहीं दूसरे दिन टीम ने पुसौर क्षेत्र में धावा बोला। टीम के वरिष्ठ अधिकारियों ने इलाके के 14 गांवों का दौराकर 355 बिजली कनेक्शनों की जांच की। इसमें पुसौर वार्ड नंबर 8 के पार्षद रत्न साह का घर भी शामिल है, जो लंबे समय से बिना कनेक्शन लिए मुफ्त में बिजली का उपयोग करते रंगे हाथ पकड़े गए। इससे टीम ने पार्षद समेत 64 दोषियों के खिलाफ प्रकरण दर्ज किए। विभाग द्वारा ऑन द स्पॉट 37 लाख 34 हजार का बिल भी जारी किया गया। विभागीय जांच में ऐसे लोग पकड़े गए है, जो बिना कनेक्शन लिए बिजली का उपयोग कर रहे है या फिर लाखों रुपए का बिजली उपयोग कर उसके भुगतान को लेकर लंबे समय से टाल-मटोल कर रहे है। टीम ने बकायादार उपभोक्ताओं के लाइन को काट दिया, वहीं अवैध कनेक्शनधारियों के खिलाफ पंचनामा कर विभागीय कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
चूना लगाने में व्यवसायी भी है शामिल
बिजली विभाग के राजस्व मे चूना लगाने वालों में आम जन, जनप्रतिनिधी के अलावे व्यवसायी वर्ग के लोग भी शामिल है। टीम के अधिकारियों ने बताया कि आरोपी, अपने व्यवसाय में मोटी कमाई करने के बाद भी मुफ्त बिजली का उपयोग व बकाया बिल के साथ विभागीय राशि पर कुंडली मार कर बैठे हुए है। टीम ने 64 दोषियों क सूची में व्यवसायी सुभाष चंद्र महाणे व जयराम अग्रवाल भी दोषी पाए गए है। विभाग ने उनके खिलाफ भी कार्रवाई की है।