एमू पालन से मुनाफा कमा रहे ग्रामीण
रनपुर में आस्ट्रेलिया का राष्ट्रीय पक्षी को लेकर उत्सुकता
भास्कर न्यूज - जशपुर/रनपुर.
आस्ट्रेलिया का राष्ट्रीय पक्षी इन दिनों रनपुर गांव के लिए उत्सुकता का विषय बना हुआ है। यहां का एक किसान आंध्रप्रदेश से 10 एमू पक्षी लेकर आया है। अब ग्रामीण भी इसके पालन से मुनाफा कमाने की राह में हैं। एक पक्षी की कीमत 25 से 30 हजार रुपए तक है। एमू का वजन 65 किलो से 90 किलो तक होता है। इसकी आयु 35 से 40 वर्ष की होती है। एमू के अंडे की कीमत 3 हजार रुपये तक है। रनपुर के रहने वाला गुड्डू राम 10 एमू पक्षी आंध्रप्रदेश से लेकर आया है। उल्लेखनीय है कि देश के दक्षिणी राज्यों में इसका कारोबार चल पड़ा है। वहां के ग्रामीण इलाकों में एमू पालन में निवेश पर बेहतरीन मुनाफा होने का धुआंधार प्रचार हो रहा है। भारत में 1990 के दशक में इसकी फार्मिंग शुरू हुई। दरअसल ऑस्ट्रेलिया में इसे मारे जाने पर पाबंदी लगा दिए जाने से उन देशों में इसकी फार्मिंग होने लगी जहां की जलवायु इसके माकूल थी। यहां भी एमू पालन को रोजगार व अतिरिक्त आय लेने में एक कारगर अवसर के रूप में देखा जा रहा है। खासकर एमू पालन सीमांत किसानों और भूमिहीन ग्रामीणों के लिए वरदान साबित हो सकता है।
कम जगह में भी पाला जा सकता है
इसके पालन के लिए कम जगह भी काफी है। चार पक्षियों के जोड़ों से यह व्यवसाय शुरू किया जा सकता है। एमू एक सामाजिक पक्षी है। यह जोड़े में रहना पसंद करता है। मादा एमू सत्रह से बीस महीनों में अंडे देने लगती है। एक सीजन में तीस से चालीस अंडे देती है। एक एमू से पचीस से तीस किलोग्राम मांस, चार लीटर तेल और बड़ी मात्रा में चमड़ी मिलती है। दर्द निवारक दवाओं में भी यह पक्षी खासा उपयोगी बताया गया है। इन तमाम खूबियों के कारण एमू को बहुगुणी पक्षियों में शुमार किया जाता है।