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58 की जगह 60 साल में रिटायर हों कर्मचारी: इंटक

8 वर्ष पहले
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भास्कर न्यूज - सोलन
इंटक ने मुख्यमंत्री से कर्मचारियों के सेवानिवृत्ति की आयु को 58 से बढ़ाकर 60 साल करने की मांग की है। इसके अलावा 10 फीसदी महंगाई भत्ते, मजदूरों का न्यूनतम वेतन बढ़ाने व वाटर गार्डों को दैनिक भेागी कर्मचारी बनाने की मांग भी उठाई है। यूनियन का कहना है कि मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह राजत्व दिवस व गणतंत्र दिवस के मौके पर इन मांगों को पूरा कर कर्मचारियों को तोहफा देना चाहिए।
इंटक के प्रदेश सचिव सुरजीत राणा ने कहा कि प्रति माह रिटायरमेंट के कारण कार्यालयों व फिल्ड में स्टाफ का अभाव होता जा रहा है, ऐसे में कर्मचारियों की रिटायरमेंट की आयु 60 साल कर दी जानी चाहिए। इससे नई नियुक्ति वाले कर्मचारियों को भी लाभ मिलेगा। आमतौर पर करीब 38-40 साल में अनुबंध के बाद कर्मचारी रेग्यूलर होता है। यदि सेवानिवृत्ति की आयु बढ़ा दी जाए तो नए कर्मचारी भी कम से कम 20 साल का लाभ तो ले सकेगा। उन्होंने कहा कि आईपीएच में पंचायतों के माध्यम से लगे करीब छह हजार वाटर गार्डों को मात्र 1350 रुपए वेतन मिलता है, इन्हें दैनिक भोगी बनाया जाए। विभाग में टेक्रीकल श्रेणियों फीटर, इलेक्ट्रिशन, पंप ऑपरेटर 20-25 साल का कार्यकाल पूर्ण होने के बाद भी इन्हीं पदों पर सेवानिवृत्त हो रहे हैं।
इनकी पदोन्नति के लिए आईपीएच के हर अनुभाग में पदों का सृजन किया जाना चाहिए। मजदूरों का न्यूनतम वेतन बढ़ती महंगाई को ध्यान में रखते हुए 10 हजार रुपए प्रति माह किया जाए। राणा ने कहा कि मुख्यमंत्री वीरभद्र सिंह ने पिछले कार्यकाल के दौरान कर्मचारियों को बहुत लाभ दिए थे। इस बार भी उनसे ऐसी ही उम्मीद है।



अन्याय बर्दाश्त नहीं होगा: भाजपा

सीएम से करेंगे मामले की शिकायत: कांग्रेस

प्रदेश कांग्रेस कमेटी के महासचिव व शिलाई के पूर्व विधायक हर्षवर्धन चौहान ने कहा कि सिरमौर जिले में जेबीटी काउंसिलिंग के लिए स्टेट कैडर का लागू करने का वह कड़ा विरोध करते हैं। उन्होंने कहा कि इस बारे उन्होंने डिप्टी डायरेक्टर नाहन से भी बात की है। चौहान ने कहा कि वह इसकी शिकायत मुख्यमंत्री से करेंगे।

शिलाई से भाजपा विधायक बलदेव तोमर ने कहा कि सिरमौर जिले के प्रक्षिशुओं के साथ अन्याय हो रहा है। उन्होंने कहा कि अदालत के आदेश का वह सम्मान करते है। मगर यह आदेश 12 में से एक ही जिले में लागू किए जा रहे है। इसका वह कड़ा विरोध करते है।

गणतंत्र दिवस पर आस - सीएम से उठाई मांग, मजदूरों का वेतन भी बढ़े