पहले त्र३००, अब आ गया त्र2500 का बिल
रोहित पराशर - शिमला
शहर के सैकड़ों उपभोक्ताओं को बिजली के तीन से चार गुणा ज्यादा बिल आने से झटका लगा है। उपभोक्ताओं का मानना है कि जब से बिजली विभाग की ओर से लगाए गए नए मीटर लगाए गए हैं तब से गड़बड़ी शुरू हो गई है। हैरानी की बात यह है कि जिन उपभोक्ताओं का पिछले महीने ३०० का बिल आया था, इस बार उन्हें 2500 रुपए का बिल थमाया गया है। ऐसे में उपभोक्ताओं के लिए परेशानी खड़ी हो गई है कि वह इतने अधिक बिल को कैसे जमा करेंगे। विद्युत विभाग गलती को मानने के लिए तैयार नहीं है। शहर में सबसे ज्यादा बिजली के बिल रूल्दूभट्टा, जाखू, पंथाघाटी, शिवनगर में आए है। इन क्षेत्रों में हाल ही में बिजली के नए मीटर लगाए गए थे।
शिकायत करें, जांच होगी
लोगों को यदि बिल ज्यादा लग रहे हैं, तो वे इसकी लिखित शिकायत बोर्ड के संबंधित सब डिवीजन कार्यालय में करवाएं। इसके बाद बिजली बोर्ड आवश्यक कार्रवाई करेगा ’
विषेश्वर शर्मा, सीनियर एग्जिक्यूटिव इंजीनियर,
शिमला। जिला कांग्रेस कमेटी शिमला शहरी में दिसंबर माह में हुई बैठक में मीटरों को घटिया बताकर इस काम को रोकने की मांग की गई थी। भाजपा ने भी बिजली बोर्ड के इन मीटरों पर सवाल उठाए थे। ये भी आरोप लगे थे कि मीटर बदलने का काम लेने वाली कंपनी ने इसे ठेके में दे दिया है और दिल्ली में जिन मीटरों को रिजेक्ट किया गया था। उन्हें शिमला में लगाया जा रहा है।
दिल्ली के रिजेक्ट हैं मीटर
मैं तो दंग रह गया
तीन गुणा ज्याद आया
तकनीकी खराबी है
बिजली बंद, रीडिंग चालू
सारा वार्ड ही परेशान
पार्षद सरोज ठाकुर का कहना है कि उनके वार्ड में इस बार बिजली के बिलों में भारी बढ़ोतरी पाई गई है। उन्होंने बताया कि उनके मीटर न. डीआईडी- 2000100 है और नया मीटर लगने से पहले 398 रुपए बिल आया था, लेकिन नया मीटर लगने के बाद 1298 का बिल आया है। उन्होंने कहा कि बढ़े हुए बिलों की वजह से वार्ड के लोगों को परेशानी मे डाल दिया है।
रामसिंह बिल्डिंग में रहने वाली गुरदीप कौर का कहना है कि उनके मीटर नं. डीआईडी- 1000210 डी है, और पिछले माह उन्हें 250 रुपए बिल आया था, जबकि इस बार उन्हें 500 का बिल दिया गया है। उन्होंने बताया कि उन्हें 300 तक का ही बिल आता था। इसके अलावा उन्होंने कहा कि अन्य मोहल्ले वालों को भी अबकी बार बहुत ज्यादा बिल आए हैं। उन्होंने कहा कि लाइट बंद होने के बाद भी मीटर की रीडिंग चलती रहती है।
कमला निवास में रहने वाले शैंकी श्रीधर का कहना है कि उनकी दुकान और घर में मीटर लगे हुए हैं। दुकान वाले में पिछले माह 545 रुपए बिल आया था, इस बार 2345 रुपए का बिल आया है। इसी तरह दूसरे मीटर में भी पिछले माह 350 रुपए बिल था और इस बार 2170 रुपए बिल आया है।
रूल्दूभटा के भवनेश सूद का कहना है कि नए मीटर के लग जाने से उन्हें तीन गुणा ज्यादा बिल आया है। उनका मीटर न. डीआईडी- 1000173 है, पहले उन्हें 700 रुपए बिल आता था, लेकिन इस बार उन्हें 1920 रुपए का बिल आया है। मीटर के बदलते ही बिल के भारी बढ़ोतरी हुई है जो सही नहीं है।
रूल्दूभटा में कृष्णा कॉटेज के मालिक संजीव ठाकुर का कहना है कि उनका मीटर नंबर डीआईडी- 1000148 है। पिछले माह 298 रुपए बिल आया, लेकिन इस बार उन्हें 2517 रुपए बिल आया। वह हैरान है कि इतना भारी भरकम बिल कैसे आ गया। बिलों में इतना अंतर मीटर की तकनीकी खराबी है।
नया मीटर
पुराना मीटर
बिजली बोर्ड - उपभोक्ताओं का आरोप, नए मीटर्स में गड़बड़ी