आईओ को करनी होगी कड़ी मशक्कत
भास्कर संवाददाता - रांची
बरियातू रोड पर बुधवार की शाम लगभग दो घंटे तक ड्रामा चला। तीन हथियारबंद अपराधी आए थे रंगदारी मांगने, जब उन्हें खदेड़ा तो बैंक के अंदर घुसने का प्रयास किया। लोगों ने बैंक लूटेरा समझ घेर लिया। भीड़ लग गई। ट्रैफिक रुक गया। कई थानों की पुलिस मौके पर पहुंच गई। दो को गिरफतार कर लिया गया, जबकि एक एक फरार होने में कामयाब रहा। बाद में पता चला तीनों दवा दुकान से रंगदारी वसूलने आए थे।
दरअसल तीनों बरियातू रोड स्थित सहारा दवा दुकान से 15 लाख रुपए रंगदारी मांगने आए थे। दुकान के मालिक मो. नासिर समेत कुछ लोगों ने उन्हें खदेड़ दिया। तभी एक अपराधी मो. अख्तर फरार हो गया, जबकि राजा खान और सोहेल खान यूनियन बैंक के पास पहुंच गए। दोनों ने हथियार दिखाकर बैंक का गेट खुलवाने की कोशिश की। बैंककर्मियों ने गेट नहीं खोला। दोनों बिल्डिंग के ऊपरी तल्ले पर पहुंच गए। पुलिस आई, तो घेरकर दोनों को पकड़ा गया।
डीएसपी सत्यबीर सिंह ने कहा कि दोनों के पास पिस्टल और चाकू था। उन्होंने पिस्टल फेंक दिया और चाकू बालू में बरामद किया गया। पिस्टल की तलाश हो रही है। दोनों अपराधी राजा और सोहेल मौलाना आजाद कॉलोनी का निवासी है। राजा दो बार और सोहेल एक बार जेल जा चुका है। तीसरा आरोपी मो. अख्तर बरियातू का रहने वाला है।
ऐसे पकड़े गए दोनों अपराधी
राजा और सोहेल बैंक के अंदर थे, तभी बरियातू में रहने वाले मजदूर मुजाहिद और दारोगा राजेंद्र राय ने बैंक के अंदर जाने वाले रास्ते का शटर बंद कर दिया। बिल्डिंग से बाहर निकलने का कोई और रास्ता नहीं होने के कारण दोनों आरोपी उसी बिल्डिंग में फंस गए और पकड़े गए।
पुलिस भी डर रही थी फायरिंग न कर दे
छत से दोनों आरोपी बार-बार नीचे झांक रहे थे। इससे पुलिस को लग रहा था कि दोनों के पास हथियार है और कहीं फायरिंग न कर दे। इसे देखने हुए लालपुर के थानेदार शैलेश गुप्ता ने एक टीम बनाई और उसे छत पर भेजा गया। वहां पुलिस को देखते ही वे लोग छिप गए। पुलिस ने उन्हें समझाया कि उन्हें सिर्फ हथियार चाहिए, पूछताछ के बाद दोनों को छोड़ दिया जाएगा। पुलिस के इस आश्वासन के बाद दोनों ने पुलिस के सामने समर्पण कर दिया। अपराधियों ने पत्र में लिखा है कि रंगदारी को धमकी या पब्लिक टैक्स समझो। अपराधियों की जेब से दो प्रेम पत्र भी पुलिस को मिले हैं।
चिट्ठी में लिखा है कि बहुत पूंजी इकठ्टा कर ली। अब हमारी सेवा पर ध्यान दो। हमारे पास तुम्हारा कंप्लीट बायो डाटा है। हम तुम पर सीधे अटैक कर सकते हैं।
सदर डीएसपी सत्यबीर सिंह के मुताबिक पूछताछ में पता चला कि तीनों युवक बुधवार की सुबह 11 बजे दवा दुकान में पहुंचे थे। दुकानदार को एक पर्ची दी थी, जिसमें कहा गया था कि बतौर रंगदारी 50 हजार रुपए लेकर सिटी एसपी कार्यालय के समीप पहुंच जाए। शाम में तीनों फिर दुकान पर पहुंचे। 50 हजार रुपए मांगे और एक और चिट्ठी थमा दी। इसमें 15 लाख रुपए की मांग की गई थी। आतंकी संगठन अलकायदा के नाम से जारी चिट्ठी में पैसे न देने पर अंजाम भुगतने की धमकी दी गई थी। चिट्ठी में 24 घंटे में पैसे देने और इससे पहले मोबाइल नंबर 8092427464 पर फोन करने को कहा था।
अपराधियों के पकड़े जाने के दौरान जुटी भीड़, लोगों ने अपराधियों से मारपीट का भी प्रयास किया, लेकिन पुलिस ने उन्हें मुश्किल से बचाया।