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बेटियों संग सीएम आवास के सामने आत्मदाह करने पहुंची महिला

7 वर्ष पहले
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ञ्चभरत ने सीडीपीओ कार्यालय में आंगनबाड़ी के खिलाफ लिखित शिकायत की थी
भास्कर न्यूज - पटना
पति के हत्यारों की गिरफ्तारी नहीं होने से खफा एक महिला चार बेटियों के साथ आत्मदाह करने गणतंत्र दिवस को मुख्यमंत्री आवास पहुंची। सीतामढ़ी की पार्वती देवी के साथ जेठ रामनाथ चौधरी भी थे। पार्वती अपनी चार बेटियों खुशी ((8 वर्ष)), रोशनी ((6 वर्ष)), चांदनी ((3 वर्ष)) और नंदनी ((डेढ़ वर्ष)) के साथ आत्मदाह करने के लिए साथ में 5 लीटर केरोसिन तेल, छह लीटर डीजल व दो माचिस भी लाई थी। इन सबों के सीएम आवास के पास पहुंचने की सूचना मिलते ही पुलिस के वरीय अधिकारियों की नींद उड़ गई। देखते ही देखते सीएम आवास के अंदर व बाहर तैनात पुलिस अधिकारियों के मोबाइल की घंटी बजने लगी। इसी बीच पहले से मौजूद सचिवालय थाने की पुलिस ने सबों को वहां से हटा दिया और गाड़ी पर बिठाकर सचिवालय थाने पहुंचा दिया। सीतामढ़ी जिले के रुन्नीसैदपुर थाना के नया टोला पंचायत के वलीगड में पिछले वर्ष 6 जुलाई को अपराधियों ने 30 वर्षीय मजदूर भरत चौधरी को घर में घुसकर गोली मार दी थी। इस मामले में गांव के ही महेंद्र पासवान, सचिंद्र पासवान, सुरेंद्र पासवान व रोशन कुमार को नामजद किया गया था, लेकिन स्थानीय पुलिस किसी को गिरफ्तार नहीं कर सकी।



सीतामढ़ी पुलिस ले गई सबको : मामले की गंभीरता को देखते हुए पटना पुलिस ने सीतामढ़ी पुलिस को पटना बुलाया। सोमवार की सुबह सीतामढ़ी पुलिस सबों को लेकर यहां से रवाना हो गई और 11 बजे लोगों को घर पहुंचा दिया। रामनाथ ने कहा कि न्याय मिलने का भरोसा मिला है।

आंगनबाड़ी के खिलाफ आवेदन देने पर हुई थी हत्या

रामनाथ का कहना है कि गांव में आंगनबाड़ी केंद्र है। वहां भरत की बेटियां पढ़ती थीं। वहां घपला हुआ था। इसके लिए भरत ने सीडीपीओ कार्यालय में आंगनबाड़ी के खिलाफ लिखित शिकायत की थी। डीएम साहब को भी आवेदन दिया गया था। इन्हीं के चलते महेंद्र व सचिंद्र उससे खफा था। कई बार इन लोगों ने भरत से आवेदन वापस लेने को कहा, लेकिन वह नहीं माना। उसके इनकार करने पर इन लोगों ने घर में घुसकर उसे मार डाला।

जनता दरबार भी पहुंची थी

रामनाथ चौधरी ने बताया कि न्याय पाने के लिए पार्वती पिछले वर्ष मुख्यमंत्री के जनता दरबार भी पहुंची थी। सीतामढ़ी के डीएम, एसपी, एसडीपीओ, थानेदार से कई बार नामजदों को गिरफ्तार करने के लिए गुहार लगाई, लेकिन कुछ नहीं हुआ। पार्वती का कहना है कि उनकी ((भरत)) की हत्या हो गई। चार मासूम बेटियां हैं। कहां से हम इसका लालन-पालन व शादी-विवाह करेंगे। हत्यारे घूम रहे हैं और पुलिस कुछ नहीं कर रही है।

आत्मदाह की कोशिश के बाद पुलिस की गिरफ्त में परिवार।

सीतामढ़ी के डीएम, एसपी, एसडीपीओ, थानेदार से कई बार नामजदों को गिरफ्तार करने के लिए गुहार लगाई