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भास्कर संवाददाता। दमोह मानव के जीवन में सत्संग एवं भजन करने से ही शांति आ सकती है। प्रभु की कथा के कारण जीवन में विश्वास और शांति की प्राप्ति होती है। इसलिए समय निकालकर कथा का श्रवण अवश्य...

8 वर्ष पहले
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भास्कर संवाददाता। दमोह
मानव के जीवन में सत्संग एवं भजन करने से ही शांति आ सकती है। प्रभु की कथा के कारण जीवन में विश्वास और शांति की प्राप्ति होती है। इसलिए समय निकालकर कथा का श्रवण अवश्य करना चाहिए। यह विचार शहर के बैकुंठधाम स्थित श्रीपंचमुखी हनुमान मंदिर में आयोजित श्रीमद् भागवत कथा के दौरान कथाचार्यभगवतशरण शास्त्री ने व्यक्त किए। उन्होंने कहा कि आज जनमानस के चित में अशांति, असुरक्षा व अविवेक का जन्म हो रहा है। इसका प्रभाव समाज में भी पड़ रहा है। आज हर ओर अशांति का वातावरण है। हम अविश्वास पर विश्वास करते हैं और परमात्मा के प्रति अनिश्चितता का भाव रखते हंै। उन्होंने कहा कि अज्ञानता के कारण ही अनेक प्रकार की विसंगतिया आ जाती हैं। भगवान ने मानव जीवन अच्छे कर्मो के लिए दिया है। हमारे जीवन में समय कम है और काम ज्यादा हैं इसलिए समय निकालकर प्रभु की भक्ति करो इसी में कल्याण है।
उन्होंने बताया कि मनुष्य इस पृथ्वी पर खाली हाथ आया था और खाली हाथ जाता भी है। इस दुनिया में राजा और रंक का आखिर में एक दिन खाली हाथ विदा होना पड़ता है। जीवन में अच्छे कर्म करने वाले व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती हैलेकिन जो गलत कर्म करता हैउसे नरक में जाकर नाना प्रकार की यातनाएं सहना पड़ती हैं। कथा के दौरान भगवान विष्णु के विभिन्न अवतारों की कथा का विस्तार से वर्णन किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में भक्तजन मौजूद रहे।
धूमधाम से मनाई जाएगी हनुमान जयंती
सिद्धक्षेत्र बैकुंठधाम पंचमुखी हनुमान मंदिर में हनुमान जयंती के अवसर पर १५ अप्रेल को विविध धार्मिक कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। जिसमें सुबह ६ बजे से अभिषेक पूजन, ११ बजे से हवन पूजन एवं दोपहर १२ से ५ बजे तक भंडारा एवं कन्या भोज का आयोजन किया जाएगा। सायंकाल महाआरती होगी। पुजारी सुरेश मिश्रा ने बताया कि जयंती के अवसर पर ३१ मार्च से १५ अप्रेल तक अखंड हरिनाम संकीर्तन का आयोजन भी किया जा रहा है। उन्होंने सभी भक्तजनों से उपस्थित होने का आह्वान किया है।