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जनश्री बीमा क्लेम क ा लाभ पाने भटक रहे बीपीएल परिवार के लोग
जनश्री बीमा योजना के क्रियान्वयन में नपा अफसर नहीं ले रहे रुचि।
बीमा राशि मिलने की उम्मीद लगाकर बैठे परिजन हो रहे हैं परेशान।
भास्कर संवाददाता - दतिया
शासन की नि:शुल्क बीमा योजना ((जनश्री)) के 50 क्लेम प्रकरण तकरीबन एक वर्ष से नगरपालिका के दफ्तर में एक वर्ष से पेंडिंग हैं। मृतकों के परिजन लंबे अरसे से नगरपालिका के चक्कर लगा रहे हैं लेकिन नगरपालिका अधिकारी व कर्मचारी इन प्रकरणों के निराकरण की दिशा में गंभीर नहीं हैं। उधर कई मृतक के परिजन दाने-दाने को मोहताज हो गए हैं ।
मालूम हो कि प्रदेश सरकार बीपीएल कार्डधारियों के लिए नि:शुल्क जनश्री बीमा योजना संचालित करता है। योजना के तहत प्रदेश के नगरीय क्षेत्रों में रहने वाले बीपीएल कार्डधारियों का 25 हजार रुपए का बीमा रहता है। 60 वर्ष तक की उम्र के कार्डधारी की मौत पर उसके परिजन को उक्त बीमा राशि क्लेम के रूप में दी जाती है। बीमित बीपीएल कार्डधारियों की मौत के बाद अब उनके परिजन क्लेम के लिए नपा के चक्कर लगा रहे हैं, लेकिन नपा न तो उन्हें संतोषजनक जवाब दे रही और न ही उनके क्लेम का भुगतान कर रही।
50 से अधिक प्रकरण पेंडिंग: नपा दतिया में बीमा क्लेम के आधा सैकड़ा से अधिक प्रकरण लंबित है। वर्ष 2012 के लगभग 30 प्रकरण होने के साथ लगभग 20 प्रकरण वर्ष 2013 के हो गए। इन सभी प्रकरणों में हितग्राहियों को बीमा क्लेम की राशि का भुगतान करना है, लेकिन क्लेम भुगतान को लेकर नपा गंभीर नहीं है।
कमी निकाल कर टरका देते हैं कर्मचारी
नपा कर्मचारी बीमा क्लेम के लिए नपा पहुंचने वाले हितग्राहियों को आवेदन में कोई न कोई कमी निकाल कर उन्हें चलता कर देते है। इसके बाद भी जब कोई पहुंचता है तो उसे अन्य कारणों का बहाना बनाकर भगा देते हैं।
ऐसे मिलता है क्लेम
बीमित बीपीएल कार्डधारी जिसकी उम्र साठ साल तक हो, कि मृत्यु होने पर परिजन मृत्यु प्रमाण पत्र के साथ क्लेम के लिए एक आवेदन नपा में जमा करते हैं। आवेदन पर नपा कर्मचारी नपा में दर्ज सूची में बीमित व्यक्ति का सत्यापन कर भुगतान करते हैं।
यह है प्रक्रिया
नपा कर्मचारी बीपीएल कार्डधारियों से एक आवेदन भरवाते है। आवेदन पूरी तरह से नि:शुल्क होता है। सिर्फ 60 वर्ष तक के बीपीएल कार्डधारी ही योजना के तहत आवेदन कर सकते हैं। नपा में आवेदन जमा हो जाने व कंप्यूटर में फीडिंग के बाद कार्डधारी का बीमा हो जाता है।
नहीं मिला क्लेम
॥पति की मौत को एक साल से अधिक समय हो गया। बीमा राशि के लिए कई चक्कर नपा के लगाए, लेकिन आज तक राशि नहीं मिल सकी। राशि कब तक मिलेगी इसकी जानकारी भी कोई नहीं देता। ञ्जञ्ज
रामकली, स्थानीय निवासी
अटका है आवेदन
॥मेरे पति की मौत वर्ष 2012 में हो चुकी। बीमा क्लेम के लिए नपा में आवेदन भी कर दिया। डेढ़ साल से चक्कर लगा रही हूं,लेकिन आज तक क्लेम नहीं मिला। कर्मचारी कोई जवाब ही नहीं देते। कभी कमी बताते हैं, कभी कहते है मिल जाएगा। ञ्जञ्ज
आशा वंशकार पत्नी स्व. राजू वंशकार
मुझे नहीं है जानकारी
॥मामले की मुझे कोई जानकारी नहीं है। कर्मचारी मामले को देखते हैं। जानकारी लेने के बाद ही कुछ कह सकता हूं। ञ्जञ्ज
सुरेश जैन, सीएमओ दतिया
लेट-लतीफी - साल 2012 के 30 व 2013 के २0 प्रकरणों का नहीं हुआ निपटारा
दतिया। नपा दफ्तर जहां पेंडिंग हैं क्लेम प्रकरण। ((फाइल फोटो))