छह महीने बाद फिर वहीं चोरी
भास्कर संवाददाता - जावरा
कमानी गेट क्षेत्र की पांच दुकानों को छह महीने बाद चोरों ने फिर निशाना बनाया। मंगलवार रात हुई चोरी में दुकानों से नकदी सहित करीब 35 हजार का सामान बदमाश ले गए। छह महीने में दूसरी बार चोरी होने से व्यापारियों में आक्रोश है।
बुरहानी हार्डवेयर के नईम अली तेलवाला ने बताया चोर दुकान के पीछे का दरवाजा तोड़कर घुसे और करीब 30 हजार रुपए का सामान ले गए। इसमें एंगल ग्राइंडर, मार्बल कटर, कट ऑफ मशीन, चेन सॉ आदि छिटपुट सामान शामिल है।
लक्ष्मी बीज सेंटर संचालक अनिल चपड़ोद ने बताया मंगलवार रात चोर दुकान के पीछे से लोहे का गेट तोड़कर घुसे और गल्ले में रखे 3 हजार रुपए ले गए। जावरा बीज भंडार के रूपेश चपड़ोद के अनुसार दुकान के पीछे के दरवाजे के नकूचे खोलकर चोर घुसे। गल्ले से 1500 रुपए ले गए। इन्होंने
फस्र्ट फ्लोर स्थित गोदाम के भी ताले तोड़े लेकिन सामान नहीं गया। चपड़ोद बीज भंडार के संजय चपड़ोद ने बताया चोर पहली मंजिल के रास्ते से गैलरी का दरवाजा
तोड़कर घुसे। दुकान के गल्ले से 1500 रुपए ले गए। सुशील चपड़ोद की दुकान उत्तम कृषि सेवा केंद्र में भी चोरों ने पीछे के दरवाजे का ताला तोड़कर घुसे लेकिन वहां उनके हाथ कुछ भी नहीं लगा।
खोलकर चोर घुसे। गल्ले से 1500 रुपए ले गए। इन्होंने
फस्र्ट फ्लोर स्थित गोदाम के भी ताले तोड़े लेकिन सामान नहीं गया। चपड़ोद बीज भंडार के संजय चपड़ोद ने बताया चोर पहली मंजिल के रास्ते से गैलरी का दरवाजा
तोड़कर घुसे। दुकान के गल्ले से 1500 रुपए ले गए। सुशील चपड़ोद की दुकान उत्तम कृषि सेवा केंद्र में भी चोरों ने पीछे के दरवाजे का ताला तोड़कर घुसे लेकिन वहां उनके हाथ कुछ भी नहीं लगा।
तो भी नहीं पकड़ाए
संजय चपड़ोद ने बताया पिछले साल जुलाई में मेरा मोबाइल भी चोरी गया था। मैंने कॉल किया तो बांसवाड़ा की एक महिला ने उठाया। ये बात मैंने टीआई अजय सारवान को बताई। उन्होंने सिम बंद करवाने की बात कहकर मामला टाल दिया। सुराग मिलने के बावजूद पुलिस ने चोरों को पकडऩे में रुचि नहीं दिखाई।
सीढिय़ां खुली हैं
संजय चपड़ोद ने बताया परिवार की दुकानों से लगी एक बिल्डिंग की ऊपरी मंजिल तक जाने वाली सीढिय़ां खुली हैं। इनके दरवाजे नहीं होने से चोर आसानी से पहली मंजिल तक पहुंच जाते हैं। वहां से हमारी दुकानों की गैलरियों तक पहुंचकर दुकानों के पीछे के दरवाजे तोड़कर दुकानों में घुसते हैं।
पिछली बार इन्हें बनाया था निशाना
दुकानदारों ने बताया छह महीने पहले 13 जुलाई 2013 को भी इन्हीं पांचों दुकानों को चोरों ने निशाना बनाया था। उस समय बुरहानी हार्डवेयर से करीब 90 हजार का सामान, संजय चपड़ोद की दुकान से 13 हजार नकद, मोबाइल, रूपेश चपड़ोद के यहां से 7 हजार नकद और अनिल चपड़ोद के यहां से 15 हजार नकद चोरी गए थे। सुशील चपड़ोद के यहां से चोर कुछ भी नहीं ले जा सके थे।