‘गलत संगति से बचने खेल जरूरी’
आष्टा - आज के परिवेश में अधिकतर छात्र-छात्राएं भटककर गलत मार्ग पर चले जाते हैं। इसका परिणाम पूरे परिवार को भुगतना पड़ता है। सिर्फ शिक्षा के अलावा खेल ही एकमात्र ऐसा साधन है, जो विद्यार्थी को गलत संगति से बचा सकता है।
यह बातें गांव डोडी में द माधव पिलक स्कूल में आयोजित कार्यक्रम में विकासखंड क्रीड़ा अधिकारी विनोद यादव ने कहीं। उन्होंने कहा कि यदि छात्र-छात्राएं २४ में से दो घंटे खेल को दें तो भी वह गलत संगति से बच सकते हैं। वह किसी भी खेल को दो घंटे खेलेंगे तो वह गलत मार्ग पर नहीं जा सकेंगे।
अच्छा खिलाड़ी बनना आसान नहीं होता है। इसके लिए सर्वप्रथम अनुशासन व कठोर परिश्रम की आवश्यकता होती है। छात्र-छात्राओं को गुरु का समान करना चाहिए। उनके द्वारा बताई गई बातों पर ध्यान देना चाहिए।
श्री यादव ने कहा कि शासन खेलों के विकास के लिए सदैव प्रयास कर रहा है। ग्रामीण व शहरी क्षेत्रों में खेल युवक कल्याण विभाग खिलाडिय़ों के लिए सुविधाएं भी उपलध करा रहा है। कार्यक्रम को प्रभारी जितेंद्र ठाकुर ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर स्कूल के स्टाफ के अलावा ३५० छात्र-छात्राएं उपस्थित थे।