- Hindi News
- अफसरों की गाडिय़ों से नंबर प्लेट गायब, एसडीएम बोले सब ऐसे ही चला रहे हैं
अफसरों की गाडिय़ों से नंबर प्लेट गायब, एसडीएम बोले- सब ऐसे ही चला रहे हैं
कलेक्टर की एंबेसेडर पर तीन साल से नहीं है नंबर प्लेट।
मोटर व्हीकल कानून को मुंह चिढ़ा रहे हैं अफसर।
भास्कर संवाददाता - श्योपुर
आम आदमी को नियमों की सीख देने वाले अफसर ही खुद नियम-कायदों की धज्जियां उड़ा रहे हैं। जिले के कलेक्टर सहित प्रमुख पदों पर काबिज आधा दर्जन अधिकारी ही कानून का उल्लंघन कर रहे हैं। अफसरों के सरकारी वाहन पर पदनाम तो लिखा है लेकिन नंबर की प्लेट गायब है। कलेक्टर ज्ञानेश्वर बी पाटिल की ही एंबेसडर कार पर पिछले तीन साल से बिना नंबर के दौड़ रही है। इसके अलावा अपर कलेक्टर, श्योपुर एसडीएम, कराहल एसडीएम, विजयपुर एसडीएम, वीरपुर तहसीलदार, बड़ौदा तहसीलदार की गाडिय़ां बिना रजिस्ट्रेशन नंबर के चल रही हैं।
तीन साल में भी वाहनों के नहीं हो सके रजिस्ट्रेशन
विभागीय सूत्रों की मानें तो कलेक्टर श्योपुर की एंबेसेडर कार तीन साल पहले, अपर कलेक्टर की एंबेसेडर कार एक साल पहले, विजयपुर एसडीएम की बोलेरो गत वर्ष फरवरी माह में, श्योपुर और कराहल एसडीएम की बोलेरो 9 अप्रैल को, बड़ौदा और वीरपुर तहसीलदार की महिंद्रा मेजर गाड़ी तीन साल पहले खरीदी गई। लेकिन इनका रजिस्ट्रेशन नंबर आज तक नहीं आया।
कलेक्टोरेट कार्यालय के बाहर खड़ी कलेक्टर की बिना नंबर वाली एंबेसडर गाड़ी।
श्योपुर एसडीएम के वाहन पर भी नंबर नहीं है।
रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य
निजी या सरकारी तौर पर खरीदे गए किसी भी दोपहिया या चार पहिया वाहन का मोटर वाहन अधिनियम के तहत रजिस्ट्रेशन कराना अनिवार्य है, लेकिन जिले में आधा दर्जन अफसरों की गाडिय़ां बिना रजिस्ट्रेशन के दौड़ रही हैं।
मैं भोपाल बात कर-करके परेशान हो चुका हूं, लेकिन नंबर नहीं आया
॥मैं खुद इस बात से शर्मिदा हूं कि मेरी गाड़ी का नंबर नहीं है। मैं बार-बार भोपाल बात करके हैरान हो गया हूं, लेकिन नंबर नहीं आया है। अब मैं खुद गाड़ी का नंबर लेने भोपाल जाऊंगा। तब तक मैंने इस गाड़ी का उपयोग कम कर दिया है।ञ्जञ्ज
डी के मौर्य, अपर कलेक्टर श्योपुर
मैं अकेला नियमों का उल्लंघन नहीं कर रहा, सभी अधिकारी चला रहे हैं
॥मैं अकेला थोड़ा नियमों का उल्लंघन कर रहा हूं। सभी अधिकारी ऐसी ही गाडिय़ां चला रहे हैं। हमें विभाग ने नई गाड़ी तो दे दी, लेकिन रजिस्ट्रेशन अभी नहीं कराया है। इसके लिए टैक्स चुकाना होगा, जो कि हमारे पास नहीं है। ञ्जञ्ज
सुरेश तिवारी, एसडीएम, श्योपुर
यह सही है कि हम बिना नंबर के वाहनों का उपयोग कर रहे हैं
॥यह सही है कि हम बिना नंबर के वाहनों का उपयोग कर रहे हैं, लेकिन हम इसमें कुछ नहीं कर सकते। हमारे पास टैक्स जमा कराने का पैसा नहीं है। इसलिए रजिस्ट्रेशन आदि की प्रक्रिया रूकी है। मैंने आरटीओ को भी इस संबंध में भोपाल बात करने के लिए बोला है।ञ्जञ्ज
ज्ञानेश्वर बी पाटिल,कलेक्टर, श्योपुर
पांच माह से तीन साल पहले खरीदी, नंबर अब तक नहीं
कलेक्टर ज्ञानेश्वर बी पाटिल
कौन सी गाड़ी- एंबेसडर
कब खरीदी गई- तीन साल पहले
अपर कलेक्टर डीके मौर्य
कौन सी गाड़ी- एंबेसडर
कब खरीदी गई- डेढ़ साल पहले
श्योपुर एसडीएम सुरेश तिवारी
कौन सी गाड़ी- बोलेरो
कब खरीदी गई- एक साल पहले
कराहल एसडीएम एचसी कोरकू
कौन सी गाड़ी- बोलेरो
कब खरीदी गई- पांच माह पूर्व
कलेक्टर, अपर कलेक्टर, एसडीएम की गाड़ी पर पदनाम की प्लेट तो है, नंबर प्लेट नहीं