हड़ताल जारी, आज बैठेंगे अनशन पर
नगर संवाददाता - सागर
राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के खिलाफ व्यापारियों ने आंदोलन और तेज करने का निर्णय लिया है। कारोबारी बंद के चौथे दिन निर्णय लिया गया कि सरकार तक अपनी आवाज पहुंचाने के लिए शुक्रवार को 25 व्यापारी क्रमिक अनशन पर बैठेंगे। व्यापारियों के समर्थन में शहर का सराफा एसोसिएशन भी आ गया है। गुरुवार को एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने एक्ट को व्यापारियों के खिलाफ बताते हुए इसे वापस लेने की बात कही। इधर व्यावसायिक बंद का असर शहर के छोटे किराना व्यवसायियों पर दिखाई दिया। शहर के भीतरी हिस्सों और गलियों की किराना दुकानों पर चाय, शकर और चावल जैसी सामग्री की कमी देखी गई। इन दुकानदारों का कहना था कि बंद इसी तरह जारी रहा, तो उन्हें भी मजबूरन इसमें शामिल होना पड़ेगा।
सभा में जलाई गई एक्ट की प्रतियां
दोपहर के बाद धरना स्थल पर व्यापारियों ने इस एक्ट की प्रतियां जलाईं। इस दौरान व्यापारी नेताओं ने आंदोलनकारियों को संबोधित भी किया। जिला व्यापारी महासंघ के सदस्य केदारनाथ राठी ने कहा कि हमारा बंद केंद्र के इस कानून के लिहाज से बहुत छोटा है। कानून को वापस लेने के लिए कम से कम संभाग और प्रदेश स्तर पर आंदोलन की जरूरत है। इसके लिए हमें कारोबार बंद करने के बजाय प्रदेश स्तर पर व्यापारियों को एकजुट करना चाहिए। जवाब में आंदोलनकारी व्यापारियों ने कहा कि हमारा आंदोलन गति पकड़ रहा है। आज बीना, खुरई और देवरी में बंद रहा। इंदौर का एसोसिएशन भी इस मामले में बैठक करने जा रहा है। इसलिए हमें आंदोलन को बंद करने बजाय उसे गति देने की जरूरत है।
२५ व्यापारी क्रमिक अनशन पर बैठेंगे
कहीं चाय, तो कहीं खाने के लिए परेशान हुए
विधायक का
आश्वासन मिला है
कि सहयोग करेंगे
महासंघ के प्रवक्ता शिखर कोठिया ने कहा कि आज बंद को लेकर विधायक शैलेंद्र जैन से मोबाइल चर्चा हुई थी। उन्होंने कहा है कि वह व्यापारियों की मांग को लेकर संवेदनशील हैं। मुमकिन हुआ, तो वह इस बारे में मुख्यमंत्री शिवराज सिंह को अवगत कराएंगे।आवश्यकता पडऩे पर इसे आगामी विधानसभा सत्र में भी उठाएंगे। इस दौरान बंद का समर्थन करने के लिए पूर्व विधायक सुधा जैन, सराफा एसोसिएशन के जिलाध्यक्ष गोविंद जडिय़ा भी पहुंचे। धरने में देवेंद्र केशरवानी, रमेश नायक, विनीत मोदी, विनयकांत सुहाने, अविनाश गुप्ता, अमर जगाति, अजय जैन, सोनू गुलझारी, आशीष नायक, जुगलकिशोर गुप्ता, चक्रेश जैन, यशवंत पटेल सहित बड़ी संख्या में व्यापारी मौजूद थे।
नहीं खुलने दीं दुकानें : जो दुकानें खुली मिलीं, उन्हेें बंद करवाया
फिलहाल हड़ताल का सीधा असर चाय-नाश्ते के शौकीनों पर दिखाई दे रहा है। यही स्थिति बस स्टैंड और स्टेशन के भोजनालयों की है, जहां यात्री खाने के होटल तलाशते दिखे। जो भी होटल खुला मिला, वहीं भोजन करना पड़ा। छतरपुर से आए यात्री रामकिशोर मिश्रा ने बताया कि वह जिस होटल पर गए थे, वहां खाने के नाम पर केवल दाल और रोटी परोसी जा रही थी। होटल मालिक का कहना था कि भीड़ अधिक है इसलिए अन्य डिश तैयार करने के लिए समय नहीं है। चाय, नाश्ता और पान दुकानों की स्थिति यह थी कि कटरा बाजार में बमुश्किल चार-पांच दुकानें ही अधखुली स्थिति में दिखी। इन दुकानों पर ग्राहकों की कतारें लगी थीं।
व्यापारियों के धरने का चौथा दिन, कहा एक्ट वापस नहीं लिया तो इनकम, वैट और एंट्री टैक्स नहीं देंगे
खान-पान संबंधी सामग्री के अधिकांश प्रतिष्ठान बंद रहे, आम नागरिक दिखे परेशान
विरोध-प्रदर्शन - खाद्य सुरक्षा मानक अधिनियम के विरोध में व्यापारियों ने चौथे दिन भी दुकानें बंद रखीं