ग्रामीण विधिक सेवा केंद्रों का उद्घाटन
अजमेर - राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशानुसार विभिन्न स्थानों पर स्थापित किए गए ग्रामीण विधिक सेवा केंद्रों का उद्घाटन शुक्रवार को सुप्रीम कोर्ट के मुख्य न्यायाधिपति पी सदाशिवम ने किया।
इस मौके पर वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए केंद्रों का शुभारंभ किया गया। सुप्रीम कोर्ट के न्यायाधिपति आरएम लोढ़ा व एके पटनायक ने भी संबोधित किया। अजमेर की सरवाड़ तहसील के बोराड़ा में राजीव गांधी सेवा केंद्र में स्थापित विधिक सेवा केंद्र का सायं सवा चार बजे उद्घाटन किया गया। राजस्थान हाईकोर्ट जोधपुर व जयपुर बैंच के अलावा मात्र अजमेर विधिक सेवा प्राधिकरण से वीडियो कांफ्रेंसिंग के जरिए सीधे उद्घाटन व शुभारंभ की कार्रवाई हुई। बोराड़ा में जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के पूर्णकालिक सचिव सुरेंद्र पुरोहित व सरपंच लादूराम खटीक सहित ग्रामीण मौजूद थे। पुरोहित ने बताया कि वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से विधिक सेवा केंद्र का शुभारंभ पूरे राजस्थान में केवल अजमेर की सरवाड़ तहसील के ग्राम बोराड़ा में किया गया है। लोकार्पण समारोह का वेब टेलिकास्ट सभी तहसीलों व अजमेर मुख्यालय पर जिला बार एसोसिएशन के सभागार में प्रोजेक्टर के माध्यम से दिखाया गया। पुरोहित के अनुसार तहसीलों पर शुरू किए गए ग्रामीण विधिक सेवा केंद्रों पर पैरा लीगल वालंटियर्स और वकील उपस्थित रहेंगे व सेवाएं देंगे।
ग्रामीण की विधिक समस्याओं का निवारण केंद्रों पर किया जाएगा। केंद्रों पर निशुल्क विधिक सहायता, लोक अदालत, पीडि़त प्रतिकर स्कीम, मध्यस्थता, बीपीएल कार्ड, मतदाता पहचान पत्र, आधार कार्ड, गैस कनेक्शन, वृद्धावस्था पेंशन, जननी सुरक्षा योजना और महिलाऔ, बालकों, वृद्वजनों तथा निशक्तजन के अधिकारों से जुड़ी जानकारी मिल सकेगी।