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प्लास्टिक बैग की बजाए जूट की बोरियों में भरा जाएगा अनाज
भास्कर न्यूज - बीकानेर
एफसीआई ने अनाज की छीजत को कम करने के लिए प्लास्टिक बैग की बजाए जूट की बोरिया काम में लेने का फैसला किया है।
महाप्रबंधक ((क्षेत्र)) आर.के.जैन ने एफसीआई की राजस्थान राज्य परामर्शदात्री समिति की बैठक में यह जानकारी दी। बीकानेर से बैठक में पहुंचे सदस्य जिया उर रहमान आरिफ ने यह मुद्दा उठाया था। उन्होंने कहा कि एफसीआई की ओर से जिन बैग में अनाज भरा जाता है उनकी क्वालिटी अच्छी नहीं होती। बोरियों का उठाव करते समय बैग फट जाते हैं। इसलिए बैग की क्वालिटी में सुधार किया जाए। महाप्रबंधक आर.के.जैन ने बताया कि प्लास्टिक बैग का वर्तमान स्टॉक खत्म होने के बाद अनाज की पैकिंग जूट की बोरियों में करवाई जाएगी। स्टॉक के सवाल पर जैन ने बताया कि निगम के पास 15 जनवरी-2014 तक 20,19,802 मैट्रिक टन अनाज उपलब्ध है। जिसमें 20,06,018 मैट्रिक टन गेहूं और 13,784 मैट्रिक टन चावल शामिल है। महाप्रबंधक ने बताया कि सरकार ने वर्ष 2014-15 के लिए गेहूं का न्यूनतम समर्थन मूल्य 1400 रुपए प्रति क्विंटल की घोषणा की है।
बैठक में भंडारण, परिवहन आदि मुद्दों पर भी विचार मंथन हुआ। बैठक में समिति के सुमेर सिंह राजपुरोहित, धनराज पारसमल जैन, छीतरमल तपन, रवि नरचल सहित एफसीआई के अधिकारी शामिल हुए।