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नहीं थम रहा पानी रिसाव का सिलसिला

8 वर्ष पहले
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ब्यावर। सालों से बाधित आवागमन झेल रहे छावनी रेलवे क्रॉसिंग क्षेत्र से गुजरने वाले लोगों को अंडर ब्रिज की सुविधा पाने के लिए अभी और इंतजार करना पड़ेगा। अंडर ब्रिज निर्माण स्थल पर चल रहे आरयूबी निर्माण कार्य में खुदाई के बाद चालू हुए पानी रिसाव का सिलसिला नहीं रुक रहा है।

आसीसी बॉक्स शिफ्टिंग के लिए खुदाई करने पर जमीन के नीचे से पानी लगातार रिसने से हर रोज बॉक्स के भीतर ओर निचले लेवल पर हजारों लीटर पानी एकत्रित हो रहा है। ऐसे में बॉक्स के सपोर्ट व ब्रिज परिसर के दोनों ओर प्रस्तावित दीवार ((रिंग वॉल)) को खड़ी करने में रुकावट आ रही है। पानी के रिसाव नहीं रुकने और पानी का भराव होने से अंडर ब्रिज निर्माण का इंतजार लंबा होता जा रहा है।

-जमीन में से पानी का रिसाव होने से रोजाना पानी को मोर्टर लगा कर खाली करना पड़ता है। फ्लोर और दीवार का काम पूरा होने पर काफी हद तक पानी रिसाव की समस्या से छुटकारा मिल जाएगा। काम को चालू रख रखा है।’-देंवेंद्र सिंह माहोर, स्टेशन अधीक्षक

नाला खुदाई का काम पूरा

बारिश के दिनों में पानी भरने की समस्या के निदान के मकसद से ब्रिज के नीचले लेवल से जोड़ कर नाला निकाला जाएगा। इस नाला का निर्माण छावनी की तरफ वाले हिस्से में अजमेर की आरे जाने वाले ट्रैक के समानांतर बड़ा नाला निर्माण कार्य भी जारी है। करीब १५ मीटर गहराई पर नाला निर्माण के लिए खुदाई का काम भी पूरा होने के कगार पर है।

बॉक्स के बीच बिछेगा जाल

अंडर ब्रिज के ऊपरी हिस्से से गुजरने वाले प्रस्तावित दूसरी लाइन के ट्रैक के मद्देनजर आरसीसी बॉक्स और ट्रैक की गिट्टी के बीच आरसीसी की लेयर बिछाई जाएगी। मजबूती के उद्देश्य से इस लेयर के ऊपर लोहे के झाल बना कर बिछाया जाएगा। इसके ऊपर फिर से लेयर बिछाने के बाद ट्र्रैक का निर्माण होगा।

अंडर ब्रिज निर्माण कार्य को जारी रखने के लिए रेलवे अफसरों समेत निर्माण करने वाली ठेकेदार फर्म के कर्मचारियों को मौके पर काम जारी रखने के लिए हर रोज भरे हुए पानी को खाली करने के लिए मशक्कत करनी पड़ती है। ब्रिज के मुहाने पर रिंग वॉल को खड़ा करने के लिए रोजाना पानी

की मोर्टर चला कर हजारों लीटर पानी खाली करना पड़ रहा है। दीवारों की मजबूती को बरकरार रखने के लिए दीवार खड़ी करने से पहले ६ मीटर से ज्यादा नींव बनाई गई। इसके अलावा सीसी बेस प्लेटफॉर्म बना कर दीवार का निर्माण चालू किया गया।