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रसूखदार ‘निगल’ रहे है गरीबों का ‘निवाला’

8 वर्ष पहले
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पूनम सिंह राठौड़ - बाड़मेर
खाद्य सुरक्षा अधिनियम के जरिए जरूरतमंदों को निवाला नसीब करवाने की योजना में गड़बड़झाला सामने आया है। कायदों को ताक पर रखते हुए जिम्मेदारों ने अपात्र परिवारों को खाद्य सुरक्षा में शामिल किया। जबकि वास्तविक हकदार तो बीते तीन माह से निवाले को तरस रहे हैं। पूर्ववर्ती गहलोत सरकार ने अधिनियम लागू कर वाहवाही ले ली। अब नई सरकार के लिए यह अधिनियम आफत बना है। वंचित रहे परिवारों को शामिल करने का रास्ता नहीं निकाल पाए तो सूचियां रिवाइज करने का फरमान जारी कर दिया। ग्रामीण क्षेत्रों में बीडीओ व शहरी क्षेत्र नगरपरिषद आयुक्त को सूचियां रिवाइज करने का जिम्मा सौंपा है। साथ ही ऑनलाइन डाटा फीडिंग के भी निर्देश दिए है। उल्लेखनीय है कि 2 अक्टूबर को खाद्य सुरक्षा अधिनियम लागू किया गया। इसके तहत 23 लाख परिवारों को चयन किया गया। तीन माह से पचास फीसदी गेंहूं ही नसीब हो रहा है।
जिले में खाद्य सुरक्षा अधिनियम के नॉम्र्स के अनुसार सितंबर में सूचियां तैयार करने की प्रक्रिया शुरू की गई। ग्रामीण क्षेत्रों में सरपंच व ग्राम सेवक तथा शहरी क्षेत्र में पार्षद व नगरपरिषद के कार्मिकों को पात्र परिवारों के चयन की जिम्मेदारी सौंपी गई। इस पर संबंधित जिम्मेदारों ने जल्दबाजी में नियमों को ताक पर रखते हुए सूचियां तैयार की। जिसमें बीपीएल, अंत्योदय अन्न योजना व पेंशनधारियों को शामिल कर दिया, लेकिन लघु, सीमांत कृषक व वरिष्ठ नागरिकों को शामिल करने की बजाय कर्मचारी, सक्षम लोगों को शामिल किया गया। इन्हें अक्टूबर व नवंबर माह में गेहूं वितरित किया गया। विधानसभा चुनाव के बाद पात्र खाद्य सुरक्षा में बरती अनियमितता का मामले ने तूल पकड़ा। जिला परिषद की बैठक में जनप्रतिनिधियों ने योजना की पारदर्शिता पर सवाल उठाए। इस मामले को सरकार ने गंभीरता से लेते हुए सूचियां रिवाइज करने के आदेश दिए है।




आगे क्या



ये है पात्र परिवार



॥खाद्य सुरक्षा अधिनियम की सूचियां रिवाइज होगी। ग्रामीण क्षेत्र में विकास अधिकारी व शहरी क्षेत्र में नगरपरिषद आयुक्त स्तर पर यह कार्य किया जाएगा। इसके बाद ऑनलाइन डाटा फीडिंग के निर्देश है। यह प्रक्रिया जल्द ही शुरू की जाएगी।

-सुरेश पुरोहित, डीएसओ बाड़मेर

यह है खाद्य सुरक्षा



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खाद्य सुरक्षा में गड़बड़झाला, सरकार ने दिए सूचियां रिवाइज करने के आदेश, पहले होगी ऑनलाइन डाटा फीडिंग, फिर जारी होगी अंतिम सूचियां