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कई मंदिरों के आंगन पौषबड़ों से महके

8 वर्ष पहले
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गंगापुर सिटी-!- शहर में इन दिनों कई स्थानों पर पौषबड़ा कार्यक्रमों का आयोजन किया जा रहा है। मंगलवार को नई अनाज मंडी में व्यापारियों की ओर से पौषबड़ा का आयोजन किया गया। पहले पौषबड़ा का हनुमानजी महाराज को भोग लगाया गया। इसके बाद लोगों ने पंगत में बैठक कर प्रसादी पाई। देर शाम तक काफी संख्या में लोग पौषबड़ा की प्रसादी पाने के लिए पहुंचे। इसी तरह श्रीजी मंडल नहर की ओर से नहर रोड़ स्थित अभिषेक मैरिज होम में पौषबड़ा का आयोजन किया गया। जिसमें पहले भगवान श्रीजी महाराज को पौषबड़ा का भोग लगाया गया। इसके बाद लोगों ने देर शाम तक पंगत प्रसादी पाई।
बौंली-!- श्री जोलाठयां बालाजी सेवा सेवा समिति के तत्वावधान में कस्बे के खिरनी रोड पर बालाजी मंदिर में मंगलवार को पौषबड़ा महोत्सव का आयोजन किया गया। इस अवसर पर श्री बालाजी की प्रतिमा की फूल बंगला झांकी सजाई गई। दोपहर बारह बजे संत शिवनाथ बाबा के सानिध्य में बालाजी की आरती कर प्रसाद वितरण किया गया। कार्यक्रम के दौरान भजन-कीर्तन किए गए। इस अवसर पर कस्बे सहित आस-पास के गावों के सैकडों श्रद्धालुओं ने भाग लेकर धर्मलाभ प्राप्त किया।
भगवतगढ़-!- आस्थाधाम केशवराय मंदिर में पौषबड़ा प्रसादी का वितरण किया गया। इस अवसर पर भगवान केशवराय की झांकी सजाई गई तथा भजन एवं कीर्तन के कार्यक्रम हुए। दोपहर 12:00 बजे भगवान को भोग लगाने के बाद विधायक जितेंद्र गोठवाल ने प्रसादी का वितरण किया। इससे पूर्व भजन एवं कीर्तन हुए जिसमें स्थानीय भजन गायकों ने भगवान कृष्ण की भक्ति से जुड़े भजन प्रस्तुत किए।
कुस्तला-!-बाड़ी वाले हनुमानजी मंदिर पर मंगलवार को पौषबड़ा कार्यक्रम हुआ। पुजारी शंकरलाल तथा कार्यकर्ता महावीर साहू ने बताया कि मंदिर में सुंदरकांड एवं हनुमान चालीसा के पाठ हुए तथा हनुमानजी की झांकी सजाई गई। इसके बाद भगवान के भोग लगाकर लोगों को प्रसादी का वितरण किया गया। दोपहर 12:00 बजे से शुरू हुआ कार्यक्रम देर शाम तक जारी रहा।
मलारना डूंगरज्ञ कस्बे में मंगलवार को बहरोली बालाजी पर पौषबड़ा कार्यक्रम हुआ। भगवान के पौषबड़े का भोग लगाकर प्र्रसादी का वितरण किया गया।
भाड़ौती-!- मुख्य बाजार में त्रिनेत्र भंडारा सेवा समिति की ओर से मंगलवार को पौषबड़ा कार्यक्रम आयोजित किया गया। आयोजन समिति के मस्तराम, कैलाश, विजेंद्र, चरतलाल आदि ने बताया कि सर्वप्रथम बांकेबिहारी मंदिर में भोग लगाया गया तथा इसके बाद ग्रामीणों को पौषबड़ा की प्रसादी का वितरण किया गया।