पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • टालमटोल नहीं, समय पर देनी होगी तथ्यात्मक रिपोर्ट

टालमटोल नहीं, समय पर देनी होगी तथ्यात्मक रिपोर्ट

8 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
नगर संवाददाता - उदयपुर
यूआईटी की ओर से कोर्ट में लंबित मामलों की तथ्यात्मक रिपोर्ट में टालमटोल नहीं चलेगी। बतौर अभियान इन लंबित मामलों की रिपोर्ट शीघ्र बनानी होगी।
यह व्यवस्था शुक्रवार को यूआईटी सचिव ने बनाई है। गौरतलब है कि इससे पूर्व जनसुनवाई के दौरान कलेक्टर आशुतोष पेडणेकर ने इस संबंध में नाराजगी जाहिर की थी। सचिव डॉ. आरपी शर्मा ने निर्देश दिए हैं कि अधिकारी अब अभियान के रूप में रिपोर्ट तैयार करने का काम करेंगे। सचिव ने शुक्रवार को यूआईटी के वकीलों, अधिकारियों व शाखा प्रभारियों की बैठक में कहा कि प्रयास किया जाए कि सप्ताह भर में ज्यादा से ज्यादा तथ्यात्मक रिपोर्ट तैयार हो जाए।
सभी शाखा प्रभारी व विधि शाखा के अधिकारी आपसी तालमेल बैठाकर तथ्यात्मक रिपोर्ट बनाकर संबंधित वकील को दें। इससे यूआईटी की ओर से कोर्ट में जवाब पेश किया जा सके। यह काम प्राथमिकता से हो। जो काम सबसे जरूरी है उन मामलों में सबसे पहले तथ्यात्मक रिपोर्ट बनाकर कोर्ट में जवाब पेश किया जाएगा।
बैठक में उप विधि परामर्शी अजब बानू, वरिष्ठ विधि अधिकारी शंकरसिंह देवड़ा, वरिष्ठ नगर नियोजक सतीश श्रीमाली, एसई अनिल नेपालिया, तहसीलदार अर्जुनदान देथा, एक्सईएन अनित माथुर, संजीव शर्मा व संजय शर्मा भी मौजूद थे। गौरतलब है कि गुरुवार को जनसुनवाई में यह बात सामने आई कि लोग सरकारी जमीन पर अतिक्रमण कर लेते है। ऐसे मामलों में यूआईटी समय पर कोर्ट में तथ्यात्मक रिपोर्ट के साथ जवाब भी पेश नहीं कर पाती। इस कारण लोगों को कोर्ट से स्टे मिल जाता। कलेक्टर ने इस पर कड़ी नाराजगी जताई थी।
वहीं सचिव ने तहसीलदार से कहा कि जिन मामलों में यूआईटी के पक्ष में फैसला आ चुका है। उन मामलो में तत्काल कार्रवाई शुरू की जाए। रोड नेटवर्क, सरकारी जमीन, यूआईटी के स्कीम प्लॉट पर हुए कब्जे को सबसे पहले ध्वस्त किया जाए।