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नाले ब्लॉक होने से कई घरों में घुसा बारिश का पानी

7 वर्ष पहले
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सेक्टर-76 से 80 में रहने वालों को बेसिक सुविधाएं नहीं मिली

डिप्टीसीएमसुखबीर सिंह बादल के ड्रिम प्रोजेक्ट सेक्टर 76 से 80 का ऐसा हाल होगा कभी किसी ने सोचा नहीं होगा। सेक्टर 79 में हाऊसफेड सोसाइटी फेज-2 में पानी निकलने के प्रबंध होने से चारों तरफ पानी भर गया। यहां सोसाइटी में आने के लिए सड़क है और बिजली और पीने के पानी की व्यवस्था। यहां रहने वाली पिंकी ने कहा कि अभी फ्लैट मिले और यह उसका हाल है। थोड़ी सी बारिश में लीकेज जाती है। जिससे पूरे एरिया में करंट जाता है। सबसे बड़ा कारण हे कि बिजली की तारों को अर्थ ही नहीं दिया है। थोड़ी सी लीकेज के बाद वहां करंट जाता है। कोई भ्ी करंट की चपेट में सकता है। ऐसे में जिम्मेदारी किसकी होगी। शुरु में लोगों ने जनरेटरों के सहारे तीन महीने गुजारे हैं। शहर के अन्य हिस्सों मंे जहां सड़कों पर पानी भरा हुआ था। वहीं पार्क ग्रीन बेल्टस पानी में डूबी हुई थी। पार्क ग्रीन बेल्टस में से पानी को हटाना मुशिकल था वहीं सड़कों से तो पानी धीरे धीरे कर डेनेज मैनहोल में चले जाना था।

स्कूल की बस तो आती नहीं

^सोसाइटीकी एंट्री प्वाइंट पर पानी का तलाब बना हुआ है ऊपर से गहरे गड्ढे है। पता नहीं कोई कहां गिर जाए। सेक्टर 76 से 80 तक के सेक्टरों का यही हाल हे। हालांकि इसको कहां सिगांपुर कहा जाता है जोकि डिप्टी सीएम ने नाम दिया था। लेकिन सहुलते झोपड पटटी जैसी। स्कूल की बस तो यहां आती नहीं। पीने के पानी बिजली तो दूर की बात है। प्रभा,हाऊसवाइफ

कई बार शिकायत लेकिन एक मैसेज भेजा

^पिछले28 घंटे हो गए लाइट गई को। कई बार शिकायत दी। यहां पर पीने के पानी की व्यवस्था है ओर ड्रेनेज विभाग की। जब फलेट निकले थे तो 2बीएचके की कीमत साढ़े 6 लाख, 3बीएचके की 9 लाख थी। एक तो 8 साल बाद पोजेशन दिया और उसके बाद कीमत 250 गुणा बढ़ा दी। उनके 9 लाख का घर 23 लाख में पड़ा वहीं साढे़ 6 लाख का घर 15 लाख में। बिजली पानी की कई बार शिकायत दी लेकिन कोई सुनता नहीं था तो दुखी होकर एसडीओ एससी को मैसेज भेजा। जिसके बाद उनके घर में जो करंट आता था वह ठीक कर गए बाकी ऐसे ही छोड़ गए। जबकि सब के के घर में अर्थ होने के कारण करंट आता है। कीमतीलाल

कुराली | शहर के अधिकतर नाले ब्लॉक होने की वजह से बरसाती पानी की सही ढंग से निकासी के आभाव में नेशनल हाईवे सहित कई वार्डों की गलियों में बरसाती पानी भर गया।