शिवा एन्क्लेव में रोड पूरी तरह से उखड़ी
शिवाएन्क्लेवमें जैसे ही आप जाएंगे तो आपका स्वागत कच्ची सड़क करेंगी। कई जगह गड्ढे खुद होंगे। सड़क से निकलने में आपको कई मिनट लग जाएंगे। बीच सड़क में ही सीवरेज के मेनहोल बना रखे हैं जोकि कच्ची सडक़ से करीब एक से डेढ़ फुट ुपर उठे हुए हैं। उससे रात को एक्सीडेंट का डर बना हुआ है। सडक़ ही नहीं यहां पर तो लोगों को पीने का पानी तक नहीं मिलता है। समर्सीबल पंप लगने के बाद ही किसी के घर पर पानी आता है वो भी साफ नहीं आता है। बहुत ही बुरा हाल हो गया है। साथ ही यहां पर ड्रैनेज पाइप और स्ट्रीट लाइट भी खराब ही मिलेगी। जिसकी शिकायत करने पर भी कोई सुनवाई करने वाला नहीं है। रात को कोई यहां पर हादसे का शिकार हो सकता है। जिसको यहां कि गलियों और रास्ते के बारे में नहीं पता है वो असानी से घबरा सकता है ओर रास्ता भटक सकता है क्योंकि यहां पर एक भी स्ट्रीट लाइट नहीं जलती है सड़क को जो हाल उससे पता लगाना मुश्किल है कि कौन सो गली कहां जा रही है। इसलिए जिसको यहां से भबात जाना हो वो शिवा एन्क्लेव से होकर गुजरे।
^हमारे यहां पर रात के समय स्ट्रीट लाइट नही जल रही हैं। जिस कारण राहगिरों को पता नहीं चलता है कि कौन सी गली है कौन से मुख्य मार्ग है। सारा कच्चा ही बना है। ऐसे में किसी को अनुमान लगाना आसान नहीं कि आगे क्या है। रोहित
^यहां पर जितने भी घर हंै वहां पर किसी के यहां साफ पानी पीने के लिए नहीं आा है। सभी लोगों को समर्सीबल पंप लगवाना पड़ है। प्योरीफायर भी लगवाना पड़ता है। क्योंकि पानी साफ नहीं आता है। वो भी कई बार बीच में खराब हो जाता है। हम बहुत ही बेहाल जिंदगी जी रहे हें। सुनील
^सडक़ पर तो आप कभी भी पैदल नहीं चल सकते हैं बारिश हो जाए तो दो पहिए पर चलना भी मुकिशल हो जाता है। इससे गिरने का डर बना रहता है। सडक़ पर कीचड़ होने के कारण कब फिसल जांएगे आप को भी पता नहीं होता है। -रवि
^यहां सड़क टूटी होने के कारण धूल उड़ती है। इससे लोग परेशान हैं। अभी कल तेज हवाएं चली जिससे घर में धूल ही धूल हो गई। पहले बारिश हुई थी उससे सडक़ पर जो की अभी तक बनी नहीं है। वो कीचड़ मेें तबदील हो गई है। रोड पर हमने ईंंट रखी हुई है। सतनाम
रात स्ट्रीट लाइट भी नहीं जलती
यहां गंदे पानी की सप्लाई दी जा रही
सड़क पर पैदल चलना हुआ मुश्किल
टूटी सड़क होने से उड़ती है धूल
एमसी के ईओ परविंदर सिंह का कहना है कि कॉलोनी के कोलोन