अमरावती. मौजूदा विधायकों की जीत का फैसला सामने वाले उम्मीदवार के चुनाव मैदान में उतरने के बाद तय होगा। सभी विधायक जिले के विकास के मुद्दे को लेकर अपनी किस्मत आजमाएंगे। अमरावती जिले में 8 विधानसभा क्षेत्र है जिसमें 4 पर कांग्रेस, 3 पर निर्दलीय का कब्जा है और 1 सीट पर शिवसेना का विधायक है। अमरावती में रोजगार और उद्योग लगाने की मांग है, तो मेलघाट में कुपोषण और पीने के पानी की समस्या, दर्यापुर में बाढ़ पीडि़तों के पुनर्वास की मांग है जबकि परतवाड़ा और मोर्शी में संतरा प्रकल्प की आवश्यकता है। तिवसा में विकास और बडनेरा में ओवरब्रिज बनाने की जरुरत है।
अमरावती से कांग्रेस के रावसाहब, तिवसा से कांग्रेस की यशोमति ठाकुर, धामणगाव रेलवे से कांग्रेस के वीरेन्द्र जगताप और मेलघाट से कांग्रेस के केवलराम काले विधायक है। दर्यापुर से शिवसेना के कैप्टन अभिजीत अडसूल, अचलपुर से बच्चू कडू, मोर्शी से अनिल बोंडे और बडनेरा से रवि राणा विधायक है।
खुलने लगी पोल...
सौ दिन की सरकार की
खुलने लगी पोल।
घूम-घूम कर विरोधी
बजा रहे हैं ढोल।
आज विरोधी ढोल बजा
तो सत्ता हारी।
दावानल न बन
जाए छोटी चिंगारी।
बड़े भाग्य से मिली है
कुर्सी तक-तक बरसों,
मोदी रखियो याद
फले न हथेली सरसों ।
-शरद सुनेरी, नागपुर
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