मुंबई. भाजपा के साथ सीट बंटवारे काे लेकर शिवसेना के रुख में लगातार बदलाव नजर आ रहा है। शुक्रवार शाम नरम रवैया दिखाने के बाद शिवसेना ने शनिवार को फिर से कठोर रुख अख्तियार कर लिया। दरअसल शिवसेना ने भाजपा के सामने सीटाें काे लेकर नया फार्मूला पेश किया, जो भाजपा के गले नहीं उतरा। भाजपा की नाराजगी आैर बढ़ गई। लिहाजा स्थिति की नजाकत को देख अब इस बारे में भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष देंवेंद्र फडणवीस व शिवसेना पक्ष प्रमुख उद्धव ठाकरे के बीच सीधी बातचीत होगी।
रविवार को ही उद्धव की तरफ से तालमेल को लेकर स्थिति साफ किए जाने के अासार है। शिवसेना ने नए फार्मूले में भाजपा को 126 सीटें देने की पेशकश की। यही नहीं शिवसेना के इस फार्मूले के मुतािबक भाजपा काे इन सीटों में से कुछ सीटें तीन सहयाेगी दलाें को भी देनी होंगी। इस पेशकश से भाजपा नेता बेहद नाराज हैं।
शुक्रवार को आदित्य ने कहा था- जारी रहेगा गठबंधन : उल्लेखनीय है कि शिवसेना के सुभाष देसाई व उद्धव के बेटे आदित्य ने भाजपा के चुनाव प्रभारी ओमप्रकाश माथुर से बातचीत के बाद शुक्रवार को कहा था कि दोनों पार्टियों का गठबंधन महायुति के रूप में जारी रहेगा। लेकिन देर रात से ही साफ होने लगा था कि दोनों के तनाव में कमी नहीं आई है।
जनता तय करेगी मुख्यमंत्री : तावड़े
इस बीच मंत्रालय व विधिमंडल पत्रकार संघ की ओर से आयोजित वार्तालाप में भाजपा नेता आैर विधान परिषद में नेता प्रतिपक्ष विनोद तावड़े ने स्पष्ट किया कि महायुति में मुख्यमंत्री की कुर्सी को लेकर मतभेद नहीं है। राज्य की 11 करोड़ जनता ही इसका फैसला करेगी। तावड़े के अनुसार अगले 24 घंटे में महायुति के बारे मे स्थिति साफ होगी। उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा कि भाजपा में मुख्यमंत्री पद के लिए कई सक्षम नेता हैं।
भाजपा की नाराजगी इसलिए
शिवसेना के प्रस्ताव पर भाजपा का कहना है कि अगर इस फार्मूले पर अमल किया गया तो सहयोगी दलों को नौ सीटें देने के बाद भाजपा के खाते में महज 117 सीटें आएंगी। इसे कतई मंजूर नहीं किया जा सकता। शिवसेना अपने पास 155 सीटें रखना चाहती है। बहरहाल इस प्रस्ताव पर फडणवीस व उद्धव की बातचीत होगी। इस पर दिन भर में भाजपा कोर समिति की दो बैठकों में चर्चा की गई।
इधर, राकांपा ने कांग्रेस को दिया अल्टीमेटम
राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी के वरिष्ठ नेता प्रफुल्ल पटेल ने सीट बंटवारे को लेकर कांग्रेस को अल्टीमेटम दिया है। पटेल ने कहा कि चुनाव प्रक्रिया शुरू हो चुकी है। कांग्रेस रविवार तक इस बारे में अंतिम फैसला ले। राकांपा अपनी 144 सीटों की मांग पर कायम है। कांग्रेस का 124 सीटों का प्रस्ताव राकांपा को मंजूर नहीं है। शनिवार को दिल्ली में कांग्रेस नेताओं की बैठक के बाद प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष माणिकराव ठाकरे की तरफ से राकांपा को आधी सीटे देने में असमर्थता जताने के बाद आनन फानन में बुलाए गए संवाददाता सम्मेलन में पटेल ने कहा- राकांपा चाहती है कि 15 साल पूराना यह गठबंधन बना रहे। उन्होंने कहा कि इसके पहले 2009 के लोकसभा चुनाव परिणाम के आधार पर कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव में अधिक सीटे ली थी। अब लोकसभा चुनाव में राकांपा ने कांग्रेस के अधिक सीटे जीती है। इस आधार पर हमें अधिक सीटे मिलनी चाहिए।
174 के बाद 114 सीटाें के लिए चर्चा की तैयारी में कांग्रेस
ब्यूरो। नई दिल्ली. कांग्रेस-राकांपा के बीच सीट बंटवारे को लेकर चल रही खींचतान के बीच कांग्रेस ने शनिवार को केंद्रीय चुनाव समिति (सीईसी) की बैठक में छांटे गए अपने 174 प्रत्याशियों के नामों पर अंतिम चर्चा की। जरूरत पड़ने पर अगले दो दिन में शेष 114 सीटों के लिए भी प्रत्यािशयों के नामें पर सीईसी अंतिम चर्चा कर सकती है। सूत्रों के मुताबिक कांग्रेस 22 या 23 सिंतबर को अपने उम्मीदवारों की पहली सूची घोषित करेगी। बताया जा रहा है कि पहली सूची में ही ज्यादातर उम्मीदवारों की घोषणा हो जाएगी।