मुंबई. बॉम्बे हाईकोर्ट ने केंद्र सरकार को नागपुर व पुणे एयरपोर्ट पर थर्मल स्कैनर फौरन मुहैया कराने का निर्देश दिया है। हाईकोर्ट ने सरकार को इस निर्देश के पालन करने के संबंध में 25 सितंबर तक रिपोर्ट पेश करने का कहा है। न्यायमूर्ति अभय ओक व न्यायमूर्ति गिरीष कुलकर्णी की खंडपीठ ने यह निर्देश सामाजिक कार्यकर्ता केतन तिरोडकर की ओर से दायर जनहित याचिका पर सुनवाई के दौरान दिया।
केंद्र की दलील
इससे पहले केंद्र सरकार की ओर से पैरवी कर रहे वकील रुई राड्रिक्स ने कहा कि फिलहाल सरकार के पास स्कैनर की कमी है। इसलिए हमने नागपुर व पुणे में स्कैनर उपलब्ध नहीं कराए हैं। दो स्कैनर मरम्मत के लिए भेजे गए हैं। इसका खर्च 13 लाख रुपए है। मरम्मत में चार महीने का समय लगेगा। ऐसी स्थिति में हमारे पास दो विकल्प है। या तो हम दूसरे एयरपोर्ट से स्कैनर नागपुर व पुणे में भेजें या फिर स्कैनर के ठीक होने का इंतजार करें।
एयरपोर्ट पर हर सुविधा
इस पर खंडपीठ ने कहा कि सरकार हर हालत में तुरंत नागपुर व पुणे में स्कैनर उपलब्ध कराए। मामले को लेकर केंद्र की ओर से दायर किए गए हलफनामे के मुताबिक स्कैनर के अलावा नागपुर व पुणे एयरपोर्ट पर हेल्थ स्क्रीनिंग की सारी सुविधाएं मुहैया कराई गई है।