गड़चिरोली. राज्य के बहुचर्चित करोड़ों रुपए के छात्रवृत्ति घोटाला मामले में सोमवार को वर्धा के शालम कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज के संचालक अमोल खापर्डे ऊर्फ श्रीवास्तव की गिरफ्तारी और उसकी की गई जांच में कई बड़े खुलासे हुए हैं। इसमें खापर्डे के चंद्रपुर, बुलढाणा, वर्धा और परिसर के जिलों में 13 फर्जी कॉलेज होने की बात स्पष्ट हुई है।
इनमें सभी विद्यार्थियों और उनके कागजातों के फर्जी होने की बात सामन आई है। खापर्डे को 12 दिन का पीसीआर दिया गया था, जो बढ़ सकती है। खापर्डे ने और कुछ नाम इस मामले में शामिल होने की बात भी पुलिस जांच दल से कही है। इसके मद्देनजर इस मामले में और गिरफ्तारियां होने की सभावना है। छात्रवृत्ति घोटाले की जांच के दौरान शालम कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट स्टडीज के संचालक खापर्डे को गिरफ्तार करने के बाद उसे न्यायालय में पेश किया गया था। अदालत ने उसे 12 दिन के लिए पुलिस हिरासत में भेज दिया था। इस बीच पुलिस ने अपनी जांच प्रक्रिया तेज कर दी है। बुधवार को पूछताछ पता चला कि खापर्डे की चंद्रपुर, वर्धा, बुलढाणा समेत परिसर के जिलों में 13 संस्थाए हैं और ये सभी फर्जी हैं।
इसके अलावा विद्यार्थी और उनके दस्तावेज भी फर्जी हैं। इस मामले के जांच अधिकारी ने कहा कि 13 फर्जी संस्थाओं को चलाना किसी एक व्यक्ति के बस की बात नहीं है। यह एक गिरोह है। जल्द ही इस मामले से जुड़े सभी आरोपियों को गिरफ्तार किया जाएगा। जांच प्रक्रिया से यह संदेह जताया जा रहा है कि, इन 13 फर्जी संस्थाओं के नाम पर अब तक करोड़ों की छात्रवृत्ति हड़पी गई है और इसके तार अनेक जगहों से जुड़े है। फलस्वरूप इस मामले की विस्तृत जांच शुरू है और आने वाले दिनों में अनेकों लोगों की गिरफ्तारी होने की जानकारी भी उन्होंने दी है। जांच अधिकारी ने कहा कि इसके अलावा इस मामले में सेतु केंद्र संचालक को भी गिरफ्तार किया गया है तथा उनसे कड़ी पूछताछ की जा रही है।