पुणे। शुभमंगल सामुदायिक विवाह योजना का लाभ अब तलाकशुदा, विधवाओं व निराधार महिलाओं को भी मिलेगा। बुधवार को राज्य मंत्रिमंडल की बैठक में योजना को बढ़ाने के प्रस्ताव को मंजूरी दी गई।
कैसे होगी कार्यान्वित : महिला एवं बाल कल्याण विभाग की इस योजना के तहत एक परिवार की दो लड़कियों को विवाह के लिए आर्थिक सहायता दी जाएगी। जिन परिवारों की सालाना आय एक लाख रुपए से कम है, वे योजना के लिए पात्र होंगे। राज्य के हर जिले से 100 लड़कियों का चयन होगा। राज्य के 35 जिलों से 3 हजार 500 लड़कियों को योजना का लाभ दिया जाएगा।
खर्च - योजना पर 3 करोड़ 50 लाख रुपए खर्च आएगा।
शुरुआत : इसी महीने से जिला योजना समिति के मार्फत योजना की शुरुआत होगी।
दो हजार मिलती है मदद : मौजूदा समय में विधवा, तलाकशुदा, निराधार महिलाओं को शादी के लिए दो हजार रुपए की आर्थिक मदद दी जाती है।
10 हजार अनुदान : राज्य में किसानों व खेतीहर मजदूरों की लड़कियों के शादी के लिए शुभमंगल सामुदायिक विवाह योजना शुरू की गई है। राज्य सरकार इस योजना के तहत लाभार्थियों को 10 हजार रुपए अनुदान और सामुहिक विवाह करानेवाली सामाजिक संस्थाओं को प्रत्येक वर-वधु के लिए दो हजार रुपए प्रोत्साहन अनुदान देती है।
इन्हें नहीं किया शामिल : इस योजना में अनुसूचित जाति-जनजाति ,विमुक्त जाति व भटक्या जनजाति, विशेष पिछड़ा प्रवर्ग को शामिल नहीं किया गया है, क्योंकि इन्हें सामाजिक न्याय विभाग की अलग योजना के मार्फत आर्थिक सहायता दी जाती है।