पाएं अपने शहर की ताज़ा ख़बरें और फ्री ई-पेपर

डाउनलोड करें
  • Hindi News
  • National
  • सुविधा|सतपुड़ा प्लांट प्रबंधन ने किया था इंकार, जिला जल उपयोगिता समिति ने दिया ऐतिहासिक निर्णय

सुविधा|सतपुड़ा प्लांट प्रबंधन ने किया था इंकार, जिला जल उपयोगिता समिति ने दिया ऐतिहासिक निर्णय

5 वर्ष पहले
  • कॉपी लिंक
शहर में तवा नदी का पानी आने का रास्ता करीब साफ हो गया है। शहर में पानी सप्लाई के लिए सीधे नदी नहीं बल्कि सतपुड़ा पॉवर प्लांट के लिए तैयार किए सतपुड़ा डेम से पानी मिलेगा। इसके लिए पहले जरूर प्लांट प्रबंधन ने इंकार किया था, लेकिन जिला जल उपयोगिता समिति की बैठक में अधिकारियों के डंडे के आगे कंपनी को नतमस्तक होना पड़ा। डेम में पानी के स्टोरेज का 10 फीसदी हिस्सा नपा को सप्लाई के लिए मिलेगा। जिले के विधायकों के सामने कलेक्टर ने मुहर लगा दी है। अब शहर में पानी लाने की योजना सफल हो सकेगी।

शहर में बारहमासी पेयजल संकट रहता है। पॉवर जनरेटिंग कंपनी और डब्ल्यूसीएल की सप्लाई के अलावा वैकल्पिक कोई व्यवस्था नहीं है। बड़ी नगर पालिका में शुमार सारनी के पास खुद का पेयजल सप्लाई नेटवर्क भी नहीं है। ऐसे में आम लोगों को परेशान होना पड़ता था। नगर पालिका ने तवा नदी से पानी लाने की योजना तैयार की। तकनीकी परेशानी यह आ गई कि सतपुड़ा डेम का पानी केवल कंपनी के उपयोग का था। नगर पालिका ने राजडोह, तेलियाडोह से पानी लाने की योजना तैयार की। फिर भी पॉवर जनरेटिंग कंपनी के इंकार के कारण दिक्कतें उठ रही थीं। हाल ही में बैतूल में हुई जिला जल उपयोगिता समिति की बैठक में नगर पालिका सारनी के पक्ष में ऐतिहासिक निर्णय हुआ। कलेक्टर ने जल मंत्रालय की गाइड लाइन का हवाला देते हुए 10 फीसदी जल नगर पालिका को सौंपने के निर्देश कंपनी को जारी कर दिए। पॉवर जनरेटिंग कंपनी के डेम की क्षमता 70 मिलियन क्यूबिक मीटर है। इसका 10 फीसदी 7 मिलियन क्यूबिक मीटर पानी नगरपालिका को मिलेगा। बैठक 5 फरवरी को बैतूल में हुई। इसमें विधायक हेमंत खंडेलवाल, चैतराम मानेकर, नपाध्यक्ष मीनाक्षी मोहबे, सीएमओ अशोक शुक्ला, पॉवर जनरेटिंग कंपनी के ईई आरके जैन, जल संसाधन विभाग के ईई आरएम कुरैशी मौजूद थे।

खबरें और भी हैं...