पर्यटकों की संख्या बढ़ाने का हो प्रयास
भेल क्षेत्र में विकास के साथ पर्यटन स्थल भी काफी हैं, लेकिन पर्यटकों की संख्या नहीं बढ़ पा रही है। इस संख्या को बढ़ाने के लिए सभी संबंधित विभागों को ठोस प्रयास करने होंगे। यह कहना है भेल के रिटायर्ड अधिकारी आरसी कालरा का।
भेल क्षेत्र में हथाईखेड़ा डेम को पर्यटन केंद्र के रूप में विकसित करने के लिए अधूरे पड़े निर्माण तुरंत शुरू होना चाहिए। साथ ही बोट क्लब व कैफेटेरिया लगभग बनकर तैयार है। इन स्थानों पर पर्यटकों की संख्या बढ़ाने के लिए अभी से प्रयास करना चाहिए, जिससे उसका महत्व बढ़ सके। इससे रोजगार भी मिलेगा और इस क्षेत्र का महत्व भी बढ़ेगा। साथ ही सरयू सरोवर को भी विकसित कर दिया गया है। इसके अलावा यहां उर्देन, रामगढ़, सतकुंड जैसे कई पर्यटन केंद्र भी विकसित हो रहे हैं।
पर्यटन केंद्रों की जानकारी उपलब्ध कराई जाए
भेल क्षेत्र के किसी भी पर्यटन केंद्र के बारे में सरकारी तौर पर कहीं भी पर्यटकों को जानकारी उपलब्ध नहीं करवाई जा रही है। इनकी संख्या बढ़ाने के लिए शासन को इस तरह के प्रयास करना चाहिए कि आसपास का पूरा क्षेत्र पर्यटन केंद्र के रूप में पहचान बना ले। पर्यटन विकास निगम को भेल क्षेत्र में हथाईखेड़ा जैसे पर्यटन केंद्रों की जानकारी प्रदेशभर के पर्यटकों को देना चाहिए। अन्य क्षेत्रों की अपेक्षा यहां हरियाली काफी ज्यादा है, जिससे पर्यटकों के लिए विश्राम ग्रह कई जगह बनाए जा सकते हैं। भेल को पर्यटन के नक्शे पर लाने अलग से एजेंसी भी बनाई जा सकती है। साथ ही दर्शनीय व धार्मिक स्थलों को विकसित किया जाना चाहिए।
आरसी कालरा
मेरे सपनों का भेल