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नहीं बदलीं टूटी-फूटी टंकियां

5 वर्ष पहले
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नगर निगम ने अब तक नहीं बनाई कोई योजना

टूटी टंकियों की जगहनई टंकी लगाने की मांग

टंकियां टूटी होने के कारण नहीं भरा जा रहा पानी

बूंद-बूंद पानी के लिए आम जनता अभी से हो रही है परेशान

कोलार में बनी कॉलोनियों में प्रशासन ने सिंटेक्स की टंकियां विभिन्न क्षेत्रों में रखवाई हैं। इनमें से अधिकांश इलाकों की टंकियां टूट-फूट का शिकार चुकी हैं। गर्मी के दस्तक देते ही इन टंकियों को बदलने की मांग नागरिक करने लगे हैं। इन टंकियों को रिहायशी क्षेत्रों में रखा गया है, जिसको नगर निगम के पानी के टैंकर आकर भरते हैं। किंतु इनके टूट-फूट होने के कारण अब इन टंकियों में पानी नहीं भरा जा रहा है। इससे लोग बूंद-बूंद पानी के लिए दर-दर भटक रहे हैं। स्लम क्षेत्र में लोगों के सामने सबसे अधिक परेशानी खड़ी हो गई है। वहीं कॉलोनियों में रखी टंकियोंंं से पानी भरने वाले नागरिक भी इनके टूटे होने के कारण निजी टैंकर बुलवा रहे हैं। सर्वधर्म बी सेक्टर के कमल बाथम ने बताया कि क्षेत्र में रखी पानी की टंकी बहुत पहले ही टूट चुकी थी। इसको बदलने के लिए शिकायत भी की लेकिन आज तक टंकी नहीं बदली गई है। इसके चलते क्षेत्र की कम से कम पांच हजार लोग परेशान हो रहे हैं। निगम प्रशासन को तुरंत टंकी को बदलना चाहिए। यह हाल किसी एक कॉलोनी या स्लम क्षेत्र का नहीं है, उपनगर में दर्जनों कॉलोनियों व स्लम क्षेत्रों में यही स्थिति है। ओम नगर तिराहे पर रखी पानी की टंकी टूट जाने के बाद उसे हटा दिया गया, लेकिन अब तक नई पानी की टंकी नहीं रखी गई है। उक्त क्षेत्र की कम से कम दो हजार लोग रोजाना कोलार पाइप लाइन से पानी भर के गुजारा कर रहे हैं। निजी टैंकरों के दम पर बीतते हैं गर्मी के दिन।

यहां हो रही जनता परेशान
कोलार के वार्ड 81 के अंतर्गत स्थित कान्हाकुंज फेज 2 में रखी पानी की टंकी टूट चुकी है। उसके ऊपर का हिस्सा गायब है। इससे उसका उपयोग नहीं हो रहा है। यही हाल दामखेड़ा में भी है। यहां पानी की टंकी कई महीनों पहले फूट गई है पर उसे बदला नहीं गया। इससे रहवासी परेशान हैं। लोगों को चलकर कोलार मेन ग्रेविटी पाइप लाइन के लीकेज से पानी भरकर लाना पड़ता है। इस मामले को लेकर रहवासियों ने कई बार शिकायतें की हैं, लेकिन सुनवाई नहीं होती।

दानिशकुंज डीके 4 में रहवासियों के लिए पानी की टंकी रखी गई थी।

अब्बास नगर में शासकीय स्कूल के समीप पानी की टंकी। इसमें टूट-फूट होने के बाद टंकी को बदला नहीं गया। इस कारण पानी की परेशानी है।

अधिकांश वार्डों के ऐसे ही हालात
कोलार के अधिकांश वार्डों के ऐसे ही हालात हैं। इधर टूटी-फूटी टंकियां वार्ड 80 से लेकर 84 तक देखने को मिलती हैं। जो टंकियां सही सलामत बची हैं उनसे भी पर्याप्त मात्रा में पानी की सप्लाई नहीं हो रही है। लोग पीने का पानी तो भर लेते हैं, लेकिन बाकी जरूरतों के लिए उन्हें पानी लाना पड़ता है। सबसे ज्यादा टंकियों की बदतर स्थिति स्लम क्षेत्रों में है। स्थानीय नागरिक बताते हैं कि झुग्गी में रखी हुई पानी की टंकियां के हाल बहुत खराब हैं। दामखेड़ा, भोपा नगरी, अब्बास नगर, सनखेड़ी, गरीब नगर, 610 झुग्गी बस्ती, ओम नगर आदि बस्तियों में लोग टंकियों पर निर्भर है। इसके बाद भी इस तरफ प्रशासन ध्यान नहीं दे रहा है।

पब्लिक प्राॅब्लम
कोलार में रखी हुई टंकियों का हाल कुछ इस तरह है।
पानी के लिए परेशानी उठानी पड़ रही है। जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों के पास शिकायत करने का कोई फायदा नहीं हो रहा है। लोगों की कोई सुनवाई नहीं होने से लगता है इस गर्मी में भी टंकियों मेें पानी नहीं भरा जाएगा। -शैलेंद्र चौहान, दानिशकुंज

क्षेत्र में रखी टंकियों की जांच होनी चाहिए। जो टंकी टूटी-फूटी हैं उन्हें तुरंत बदला जाना चाहिए। गर्मी शुरू होने के पहले ही इस कार्य को करने की याेजना बनाई जाए और यह कार्य जल्द किया जाए। -कृष्ण गिरी, राजहर्ष

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