एमबीबीएस सीटों की मान्यता के लिए एमसीआई का निरीक्षण
गांधी मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस की 150 सीटों की मान्यता के लिए गुरुवार को मेडिकल काउंसिल ऑफ इंडिया (एमसीआई) ने निरीक्षण किया। काउंसिल की तीन सदस्यीय टीम ने पहली बार हमीदिया और सुल्तानिया अस्पताल का निरीक्षण करने से पहले टीचिंग स्टाफ की उपलब्धता जानने के लिए गिनती की। काउंसिल अफसरों ने निरीक्षण के तरीके में यह बदलाव संस्थान में डॉक्टरों की हाजिरी का स्टेटस जानने किया था। दोपहर बाद निरीक्षण दल के दो अफसरों ने हमीदिया और सुल्तानिया अस्पताल का अलग-अलग निरीक्षण किया।
जीएमसी सूत्रों ने बताया कि एमसीआई के निरीक्षण की तैयारियां हमीदिया व सुल्तानिया अस्पताल में टीम के पहुंचने के बाद की गई। कॉलेज प्रबंधन काे अनुमान था की एमसीआई टीम मार्च में आएगी। बता दें कि जीएमसी में एमबीबीएस की 150 सीटों की मान्यता पर तलवार लटक रही है। निरीक्षण में काॅलेज में कुछ कमियां पाई जाती हैं तो सीटों की मान्यता समाप्त हो सकती है।
इमरजेंसी-ट्राॅमा यूनिट ने बढ़ाई मुश्किल
एमसीआई की टीम ने जीएमसी और हमीदिया अस्पताल का निरीक्षण किया तो उन्हें यहां इमरजेंसी सर्विसेस में कमियां नजर आईं। ट्राॅमा सेंटर में पर्याप्त सुविधाएं न होना भी टीम को नागवार गुजरा। हालांकि टीम की रिपोर्ट गोपनीय है, लेकिन बताया जा रहा है कि एमसीआई टीम जीएमसी में व्यवस्थाअों से संतुष्ट नहीं है। अपने पूर्व के दौरे में टीम ने जो कमियां बताईं थीं। उनमें बहुत कम सुधार किया गया है। वहीं, सुल्तानिया जनाना अस्पताल में गर्भवती महिलाओं की सोनोग्राफी न होना सबसे बड़ी कमी है। इस संबंध में टीम के सवाल पर प्रबंधन ने कहा कि हम तैयारी कर रहे हैं।
एमसीआई टीम ने हमीदिया व सुल्तानिया अस्पताल का निरीक्षण किया है। इंस्पेक्टर्स निरीक्षण के बाद संस्थान में मौजूद सुविधाओं से संतुष्ट दिखे हैं।कॉलेज को इस साल एमबीबीएस की 150 सीटों की मान्यता मिलने की उम्मीद है। डॉ. उल्का श्रीवास्तव, डीन, गांधी मेडिकल कॉलेज , भोपाल