चार गुना बढ़ी पर्यटकों की संख्या
मछलीघर में आईं दो नई मेहमान
भोपाल | मछलीघरमें इन दिनों पर्यटकों की संख्या में इजाफा हो गया है। यहां हाल ही में अमेरिका और मध्य यूरोप में मिलने वाली प्रजाति की मछलियां लाई गई हैं। इसके चलते यहां रोजाना आने वाले पर्यटकों की संख्या बढ़कर एक हजार तक हो गई है। हालांकि इस स्थान पर कन्वेंशन सेंटर के निर्माण का प्रस्ताव है। इससे मछलीघर को कहीं और शिफ्ट करना पड़ेगा।
मिल्की कार्प : यहमछली एशिया और मध्य यूरोप में पाई जाती है। इसे कॉमन कार्प के नाम से भी जाना जाता है। यह सफेद, गुलाबी, लाल और कई चटकीले रंगों में मिलती है।
स्थापना- 31मई 1977
ग्राउंडफ्लोर पर एक्वेरियम की संख्या- 41
फर्स्टफ्लोर पर एक्वेरियम की संख्या-26
मछलियों की कुल प्रजाति-60
औसतन पर्यटक आते हैं-250
इन दिनों रोजाना पर्यटकों की संख्या बढ़कर हुई -1000
एलिगेटर गार : यहखासकर उत्तरी अमेरिका में पाई जाने वाली मछली है। मछलीघर में कम आकार तक विकसित होने वाली 2 एलिगेटर गार लाई गई हैं।