- Hindi News
- सरकारी दावा, डेंगू से राजधानी में सिर्फ पांच मौत
सरकारी दावा, डेंगू से राजधानी में सिर्फ पांच मौत
राजधानीमें इस साल डेंगू से कुल पांच लोगों की मौत हुई। यहां डेंगू की रोकथाम के लिए सरकार ने 9 लाख 57 हजार रुपए खर्च किए हैं। प्रदेश में डेंगू से 12 और स्वाइन फ्लू से सात लोगों की मौत हुई है। यह जानकारी शुक्रवार को विधानसभा में स्वास्थ्य मंत्री नरोत्तम मिश्रा ने दी।
विधायक कमलेश्वर पटेल के एक सवाल के उत्तर में मिश्रा ने स्वीकार किया कि सन 2011 में लघु उद्योग निगम के माध्यम से खरीदा गया पायरेथ्रम अमानक पाया गया था, लेकिन जिला मलेरिया अधिकारी ने इसकी रिपोर्ट दस माह बाद स्वास्थ्य संचालनालय को भेजी। मंत्री के अनुसार इस मामले में शासन कार्रवाई कर रहा है। मिश्रा ने कांग्रेस के डॉ. गाेविंद सिंह को बताया कि प्रदेश में अमानक दवा सप्लाई करने वाली उत्तराखंड की मेक्स मेड लाइफ साइंसेस लिमिटेड की धरोहर राशि 1,56,250 रुपए राजसात कर ली गई है और कंपनी को अयोग्य घोषित कर दिया गया है। अमानक दवा सप्लाई वाली पांच कंपनियों के खिलाफ कार्रवाई की जा रही है।
कलेक्टर, एसपी पर कार्रवाई से इनकार
मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा है कि प्रदेश में योग शिक्षा को पाठ्यक्रम में शामिल किया जाएगा। विधानसभा परिसर में पत्रकारों से चर्चा में मुख्यमंत्री ने संयुक्त राष्ट्र संघ द्वारा 21 जून को अंतर्राष्ट्रीय योग दिवस घोषित किए जाने पर खुशी जाहिर करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को बधाई दी।
खाद की कमी और कालाबाजारी को लेकर दूसरे दिन भी विधानसभा में हंगामा हुआ। विपक्ष ने राज्य सरकार पर आरोप लगाया कि प्रदेश भर में किसान हाहाकार कर रहे हैं। जाम और प्रदर्शन चल रहे हैं, लेकिन सरकार ने पूरा यूरिया ही डाइजेस्ट कर लिया। जवाब में कृषि मंत्री गौरीशंकर बिसेन ने आरोप लगाया कि यह कालाबाजारी कांग्रेस कर रही है। इस पर विपक्ष ने काफी शोर-शराबा किया।