लाव-लश्कर के साथ जुटी थी निगम की टीम
यहां हर तरह के वाहनों का उपयोग किया गया। काम शुरू होने के कुछ समय बाद जेसीबी भी पहुंच गई थी।
सीमा से बाहर जाना गलत है
सिर्फआपदा की स्थिति में निगम का अमला िनगम सीमा से बाहर जाकर कार्य कर सकता है। लेकिन किसी निजी संस्था में तो बिल्कुल भी नहीं। यदि भोपाल निगम ने यह किया है तो गलत है। देवीशरण,पूर्वनिगमायुक्त
पेज 1 का शेष
भोपाल
जबडीबी स्टार ने निगम आयुक्त तेजस्वी एस नायक से इस बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि वे जानकारी लेकर बताते हैं। कुछ देर बाद फिर फोन लगाया तो उन्होंने कहा कि फीस जमा कराकर मशीन और अमला भेजा गया है। जबकि सच तो यह है कि इस तरह छुट्टी के दिन फीस जमाकर कार्य करवाने का कोई प्रावधान ही नहीं है। बताया जाता है कि कॉलेज संचालक ने राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ का एक आयोजन कॉलेज परिसर में रखवाया है, जिसकी आड़ में सरकारी मशीनरी से प्राइवेट काम कराया जा रहा था। निजी संस्थान की सेवा-चाकरी को लेकर नगर निगम की कार्यप्रणाली पर प्रश्नचिन्ह लग रहा है।
किरायाले रहे हैं
निजीकॉलेज में काम चल रहा है और इसका बाकायदा किराया वसूला जा रहा है।
तेजस्वीएस नायक, आयुक्त,नगर निगम भोपाल