350 करोड़ रुपए के टेबलेट्स कबाड़ में
भारतइलेक्ट्रॉनिक्स लिमिटेड द्वारा डिजाइन किए गए टेबलेट्स वर्ष 2010-11 में केंद्रीय पंचायत एवं ग्रामीण विकास मंत्रालय ने देश के सभी राज्यों के पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग को भेजे थे। जनगणना समाप्त होने के बाद पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग ने जब इनका उपयोग दूसरे काम में करने का प्रयास किया तो पता चला कि उनका ऑपरेटिंग सिस्टम सिर्फ जनगणना के लिए डिजाइन किया गया है। दूसरे कार्यों में इनका उपयोग ही नहीं किया जा सकता है। ऐसे में विभाग ने जिला पंचायतों में ही इन टेबलेट्स को रखवा दिया है। शेषपेज 3
हमारे किसी काम के नहीं हैं
केंद्रसरकार ने जो टेबलेट्स हमें भेजे थे, वे हमारे किसी काम के नहीं हैं। आर्थिक एवं सामाजिक जनगणना के दौरान ही उनकी ऑपरेटिंग सिस्टम में दिक्कत रही थीं। उनका ऑपरेटिंग सिस्टम सिर्फ जनगणना के लिए ही तैयार किया गया था। ऐसे में वे हमारे काम में नहीं पाएंगे। हमने कई बार पंचायत मंत्रालय दिल्ली से मार्गदर्शन मांगा, लेकिन उनका कोई जवाब प्राप्त नहीं हुआ है। अरुणाशर्मा, अपरमुख्य सचिव, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग, मप्र