ग्वालियर. शहर में तीन माह बाद पाइप से घर-घर गैस पहुंचेगी। इसके लिए पाइप लाइन बिछाने का काम 70 फीसदी पूरा हो चुका है। दूसरी तरफ अवंतिका गैस ने कनेक्शन लेने वाले ग्राहकों के रजिस्ट्रेशन शुरू कर दिए हैं। पहले सिटी सेंटर क्षेत्र की कॉलोनियों में कनेक्शन दिए जाएंगे।
एलपीजी ग्राहक इन दिनों सब्सिडी, बैंक खाता, आधार को लेकर परेशान हैं। ऐसे में पीएनजी (पाइप्ड नेचुरल गैस) कनेक्शन की खबर कुछ ग्राहकों को राहत दे सकती है। चार साल से चल रहे पीएनजी प्रोजेक्ट के लिए ट्रिपल आईटीएम (चार शहर का नाका) से सिटी सेंटर तक 13 किलोमीटर हाई प्रेशर वाली स्टील पाइप लाइन डाली जा चुकी है।
सैनिक पेट्रोल पंप से तानसेन नगर, पड़ाव होकर सिंधिया कन्या विद्यालय तक हाई प्रेशर लाइन डालने का काम अभी बाकी है। इसके बाद लो-प्रेशर की प्लास्टिक लाइन ग्राहकों की संख्या व क्षेत्र के आधार पर डाली जाएगी।
वार्ड-30 में पहले कनेक्शन: पीएनजी कनेक्शन के लिए अवंतिका गैस लिमिटेड ने सबसे पहले वार्ड-30 में रजिस्ट्रेशन की प्रक्रिया शुरू की है। इसके लिए सिटी सेंटर दफ्तर में संपर्क किया जा सकता है। पहले राउंड में एसपी आफिस, गोविंदपुरी, आकाशवाणी, बलवंत नगर, फिजिकल व गोला का मंदिर क्षेत्र में कनेक्शन दिए जाने हैं।
एलपीजी से सस्ती पीएनजी
एलपीजी की तुलना में पीएनजी कुछ सस्ती है। अवंतिका के मैनेजर मार्केटिंग वैभव श्रीवास्तव के मुताबिक एलपीजी का 14.2 किलो का सिलेंडर 462.50 रुपए में आ रहा है, जबकि इतनी पीएनजी लेने पर 411 रुपए खर्च करने होंगे। पीएनजी कनेक्शन लेने पर छोटे परिवार (दो बड़े सदस्य व दो बच्चे) का प्रति माह गैस पर खर्च करी 300 रुपए आएगा।
दो महीने में एक बार होगी रीडिंग, खतरा भी कम
पीएनजी कनेक्शन पर छह हजार खर्च आएगा। इसमें साढ़े पांच हजार रिफंडेबल हैं। रजिस्ट्रेशन के बाद अवंतिका स्टाफ मीटर लगाने, रेगुलेटर, पाइप फिटिंग व चूल्हा कनवर्ट करने का काम करेगा। इसके बाद हर दो माह में मीटर की रीडिंग के हिसाब से पेमेंट करना होगा। एलपीजी की तुलना में पीएनजी में खतरा भी कम हैं।
डिमांड बढ़ाने के लिए होगा सर्वे
इंदौर-उज्जैन में पीएनजी कनेक्शन तो हैं पर कम। इसलिए कंपनी ग्वालियर में पहले सर्वे कराएगी। इसमें पीएनजी के फायदे के अलावा व्यवस्थाएं सुधारने पर भी बात होगी। अवंतिका जल्द शहर के अन्य पेट्रोल पंप पर सीएनजी (कंप्रेस्ड नेचुरल गैस) की बिक्री का प्रयास भी करेगी।