वेल ड्रेस्ड होकर चोरी करने घुसते थे मल्टी में
पकड़़े गए चोर गिरोह ने किया खुलासा
क्राइम रिपोर्टर|ग्वालियर
शहर की मल्टीस्टोरी बिल्डिंगों में घुसकर चोरी की वारदात को अंजाम देने वाले गिरोह के दोनों सदस्यों ने वारदात करने से पहले फ्लैटों में रहने वालों की जीवन शैली का अध्ययन किया था। वे किस समय घर में रहते हैं और पड़ोसियों के उनसे कैसे ताल्लुकात हैं। ये जानकारियां लेने के बाद इन्होंने दिन-दहाड़े चोरी की वारदात को अंजाम देना शुरू कर दिया था। चोर गिरोह के सदस्यों का कहना था कि मल्टी में रात की अपेक्षा दिन में वारदात करना आसान होता था। इसलिए वह ऐसी वारदात को अंजाम देते थे। गिरोह के दोनों सदस्य सगे भाई हैं यह दोनों वैल ड्रेस्ड होकर मल्टी में घुसते थे । कोई पूछता था तो किसी का भी नाम ले लेते थे जिस फ्लैट में ताला लगा मिलता था उसमें से सोने के जेवरात और नकदी निकालते थे और इसके बाद मल्टी में लोगों से हाय-बाय करते हुए निकल जाते थे।
झांसी रोड थाने की पुलिस ने 2 दिन पहले चोर गिरोह के 2 सदस्यों रवि कैथवार और सुनील कैथवार को गिरफ्तार किया था। यह चोर दिनदहाड़े फ्लैटों में चोरी की वारदातों को अंजाम देते थे। पुलिस अफसरों ने चोरों से पूछा कि वह दिन में वारदात को कैसे अंजाम देते थे, जबकि दिन में पकड़े जाने का ज्यादा खतरा होता है। इस पर चोर गिरोह के सदस्यों ने बताया कि फ्लैट में वारदात करने से पहले उन्होंने मल्टी के आसपास घूमकर यहां रहने वालों की जीवन शैली का अध्ययन किया था। इसलिए उनका काम और ज्यादा आसान हो जाता है। वह लोग वेल ड्रेस्ड होकर मल्टी में जाते थे कोई पूछता था तो किसी का भी नाम ले देते थे इससे ज्यादा पूछताछ वहां पर कोई करता नहीं था।
फ्लैटों में चोरी की वारदात करने वाले वेल ड्रेस्ड होकर पहुंचते थे। इन्होंने बताया है कि मल्टी में दिन में चोरी करना ज्यादा आसान होता है इसलिए इस समय को ही वह वारदात के लिए चुनते थे। आलोक भदौरिया, टीआई, झांसी रोड थाना