गरबा में ब्रज-मथुराकेरंग
गुजराती म्यूजिक पर थिरकते कदम। तीन ताली से शुरू होकर दस काउंट तक नॉन स्टाॅप एक घंटे की परफॉर्मेंस। कुछ ऐसे ही म्यूजिक बीट्स के साथ सोमवार को गरबा महोत्सव शहर में सेलिब्रेट किया गया। गरबा इस बार राधा-कृष्ण के साथ ब्रज संस्कृति की सौंधी महक से सराबोर दिखा, लेकिन जब आयोजन शुरू होता है तो गुजरात का रंग भी सिर चढ़कर बोलने लगता है। जीवाजी क्लब और जीवायएमसी क्लब में हुए इस गरबा महोत्सव में प्रतिभागियों के काठियावाड़ी लहंगे, जिसमें कौड़ी, कांच, फुंदे और लटकन खास आकर्षण का केंद्र रहे। इसके साथ ही मोर पंख के साथ कान्हा रूप और देवी रूप रखकर भी गरबा किया गया। गरबा महोत्सव की शुरुआत मां दुर्गा की महाआरती से हुई।