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इस बार में मेले में आएंगे रेंजर और मेरी ग्राउंड झूले
ग्वालियरव्यापार मेले में इस बार झूला सेक्टर लोगों के लिए खास होगा। ग्वालियर मेले में पहली बार रेंजर झूला आएगा। स्पेशली यह झूला मेरठ से बुलवाया गया है। जानकार बताते हैं कि मेरठ के अलावा यह झूला मुंबई के एसल वर्ल्ड में लोग झूलने जाते हैं। इस बार यह प्रसिद्ध झूला ग्वालियर मेले की शान बढ़ाएगा। इसके अलावा मेले में मेरी ग्राउंड और ऑक्टोपस जैसे झूले भी रहे हैं। मेले में तीन नए झूले मंगवाए गए हैं। जबकि पिछली बार चार नए झूले आए थे। झूला सेक्टर के जानकारों का मानना है कि रेंजर झूला देश और विदेश में दोनों जगह पॉपुलर है। इस बार झूला सेक्टर का सबसे बड़ा आकर्षण यही होगा।
Áतीनसे लगेगा शिल्प बाजार : ग्वालियरमेले का आकर्षक शिल्प बाजार अब तीन जनवरी से 12 जनवरी तक लगेगा। पहले 10 दिवसीय शिल्प बाजार की तारीख 11 से 20 जनवरी तय की गई थी। मप्र हस्तशिल्प हाथकरघा विकास निगम के रीजनल मैनेजर डीसी तिवारी का कहना है कि मेले का समापन 16 जनवरी को है। इसलिए यह बदलाव किया गया है।
Âसलाम्बो- यह हवाई जहाज की तरह आपको आसमान की सैर कराएगा। पहली बार इसे मेले में लाया जाएगा।
Âबच्चों केझूले- ऑक्टोपस,ट्वाय ट्रेन, फ्रॉग राइड, इंजन ट्रेन, मिकी माऊस, एरोप्लेन, ट्रेन सहित कई छोटे झूल आएंगे।
Âटिव्स्टर- चालीस फुट की ऊंचाई पर उलट-पलट जाता है। इसमें 20 पालकियां होती हैं। प्रत्येक में दो लोग बैठते हैं।
Âकोलम्बस- नाव जैसे आकार का यह झूला देखने में साधारण हैं। इस झूले में आप परिवार और दोस्तों के साथ ऍज्वाय कर सकते हैं।
Âज्वाइंट व्हील-यदिआप इस विशालकाय झूले पर बैठेंगे तो पूरे ग्वालियर व्यापार मेले का नजारा आपको दिखाई पड़ेगा। इसे झूलों का राजा भी कहा जाता है। इसमें एक बार में 80 लोग बैठ सकते हैं।
gwalior mela
50 से 60 होंगे झूले लगंेगे
झूला सेक्टर में इस बार भी झूलों की संख्या 50 से 60 के बीच होगी। पिछली बार भी झूलों की संख्या इतनी ही थी। इनमें टोरा-टोरा के अलावा ड्रेगन, ज्वाइंट व्हील, स्किंग कार, डिस्को डांस के अलावा बड़ी संख्या में झूले शामिल रहेंगे। साथ ही स्किंग कार की संख्या भी बढ़ेगी।