ग्वालियर. थानों में किराएदारों की जानकारी देने से झिझक रहे मकान मालिक अब एसएसपी ऑफिस में शुरू की गई अाईटी सेल में पहुंचने लगे हैं। पिछले 15 दिन में लगभग एक हजार मकान मालिक जानकारी देने पहुंचे हैं। इनमें 150 मकान मालिकों ने किराएदारों की जानकारी तय प्रोफॉर्मा के अनुसार दी। इनके फॉर्म जमा कर वेरीफिकेशन की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। जबकि 350 मकान मालिकों के फॉर्म में त्रुटि थी इसलिए इन्हें लौटा दिया गया।
इनमें ज्यादातर किराएदार का फुल साइज फोटो लेकर नहीं गए थे। लगभग पांच सौ मकान मालिक फॉर्म और व्यवस्था से जुड़ी जानकारी लेने पहुंचेे। पिछले पांच साल से थानों में किराएदारों की जानकारी जुटाने का काम चल रहा है। लेकिन कभी भी शहर भर के थानों में डेढ़ हजार से ज्यादा किराएदारों की जानकारी एकत्र नहीं हो सकी।
शहर में पिछले पांच साल में ऐसे मामले सामने आए थे, जिनमें दूसरे स्थानों के बदमाश किराए के कमरे लेकर रहते थे और वारदात करने के बाद गायब हो जाते थे। एसएसपी संतोष कुमार सिंह का कहना है कि किराएदारों की जानकारी देने वालों की संख्या बढ़ी है। इस व्यवस्था को और बेहतर बनाने का प्रयास किया जाएगा।
बिहार के किराएदार अधिक
पुलिसके पास किराएदारों की जो जानकारी पहुंची है, उसमें सबसे ज्यादा 40 किराएदार बिहार के रहने वाले हैं। पुलिस ने इनके मूल निवास स्थान के थाने से वेरीफिकेशन कराना शुरू कर दिया है।
फॉर्मके साथ यह जरूर ले जाएं
किराएदारऔर नौकर की जानकारी के फॉर्म के साथ उसके मूल निवास स्थान का फोटो, परिचय पत्र, तीन फोटो, जिनमें दो पासपोर्ट साइज और एक फुल साइज का होना चाहिए।