ग्वालियर. जीवाजी यूनिवर्सिटी की स्नातक कक्षाओं के तृतीय और पंचम सेमेस्टर की परीक्षाएं सोमवार को प्रारंभ हो गईं। परीक्षाओं में जेयू की नकल रोकने की काेशिशें पहले दिन नाकाम साबित हुईं। अंचल के 80 केंद्रों पर नकल रोकने के लिए महज दो उड़नदस्ते जेयू ने रवाना किए।
उड़नदस्ते के पहले दल में चार और दूसरे दल में दो सदस्य शामिल थे। परीक्षाओं के पहले दिन ग्वालियर, शिवपुरी, श्योपुर, गुना के साथ अम्बाह, पोरसा में कोई उड़नदस्ता नहीं गया। दस्ते में जाने वाले यूनिवर्सिटी के शिक्षकों की बेरुखी के चलते नकल पर अंकुश लगना फिलहाल मुश्किल नजर रहा है।
जेयू द्वारा बीए, बीएससी, बीकॉम, बीएचएससी तृतीय सेमेस्टर और पंचम सेमेस्टर की परीक्षाएं ग्वालियर -चंबल संभाग के 80 परीक्षा केंद्रों पर संचालित हो रही हैं। इनमें करीब सवा लाख छात्र परीक्षा दे रहे हैं। तृतीय सेमेस्टर की परीक्षा सुबह 9 से 12 बजे की पाली में एवं पंचम सेमेस्टर की परीक्षा सुबह 11 से 2 बजे की पाली में आयोजित की जा रही हैं।
स्थानीय स्तर पर गठित दल सेंटर पर निगाह रखते हैं। भिंड, मुरैना के अंबाह, पोरसा नकल के लिए बदनाम हैं। अभी तक हर जिले में यूनिवर्सिटी एक दल रवाना करती थी, इससे उन केंद्रों में नकल पर अंकुश लगाने में मदद मिलती थी जाे नकल के लिए बदनाम हैं।
वाहनों की कमी और सदस्यों की बेरुखी के चलते दो टीम ही परीक्षा के पहले दिन भिंड और मुरैना के कुछ कॉलेजों में निरीक्षण करने पहुंचीं। ग्वालियर जिले सहित शिवपुरी, दतिया, श्योपुर, मुरैना, अंबाह , पोरसा में कोई टीम नहीं गई। हालांकि यूनिवर्सिटी के अधिकारी लीड केंद्रों पर दस्ता तैनात करने की बात कह रहे हैं।
पहले दिन पकड़े 12 नकलची
स्नातक की परीक्षा के पहले दिन यूनिवर्सिटी के उड़नदस्ते ने विभिन्न कॉलेजों में छापामार कार्रवाई करते हुए 12 छात्रों को नकल करते रंगे हाथों पकड़ा। शासकीय कन्या महाविद्यालय मुरैना, एसएस कॉलेज मुरैना में एक-एक, पीएस कॉलेज मेहगांव में तीन, चौ. यदुनाथ सिंह कॉलेज भिंड में दो तथा स्वामी विवेकानंद कॉलेज मछंड में पांच छात्र नकल करते पकड़े गए।
जहां से शिकायत आती है, वहां उड़नदस्ता भेजते हैं
नकलपर अंकुश लगाने के लिए उड़नदस्ते भेजे जा रहे हैं। जहां से शिकायत आती है वहां उड़नदस्ता भेजते हैं। प्रो.डीडी अग्रवाल,परीक्षा नियंत्रक,जीवाजी यूनिवर्सिटी