टेक्नो फ्रेंडली बनेंगे एमएलए
अबतक कागजों के सहारे चलने वाले मप्र के 230 विधायक टेक्नोलॉजी के दोस्त बन जाएंगे। यह काम मप्र विधानसभा के सोमवार से शुरू होने जा रहे सत्र में पूरा हो जाएगा। दरअसल विधायकों द्वारा लगाए जाने वाले प्रश्नों को विधानसभा द्वारा विभागों को ऑनलाइन भेजने की शुरुआत तो हो गई है, लेकिन विधायकों की तरफ से अभी भी प्रश्न कागज पर लिखित में ही भेजे जा रहे हैं। इस समस्या को दूर करने के लिए इस सत्र में आए विधायकों को 8 से 12 दिसंबर तक कम्प्यूटर फ्रेंडली बनाया जाएगा।
12दिसंबर तक होगी ट्रेनिंग
कम्प्यूटरट्रेनिंग की थ्योरी क्लास विधासभा ऑडिटोरियम में लगेगी। यहां प्रोजेक्टर के माध्यम से सूचना एवं प्रौद्योगिकी विभाग की टीम विधायकों को बेसिक बातें बताएंगी। वहीं प्रैक्टिकल क्लास के लिए विधानसभा परिसर के अजंता कक्ष में 14 कम्प्यूटर सिस्टम लगाए गए हैं। यहां एनआईसी की टीम विधायकों को कम्प्यूटर चलाने के साथ वर्ड फाइल, एक्सेल शीट बनाना, इंटरनेट ई-मेल अादि का इस्तेमाल करना बताएगी।
मकसद बेहतर व्यवस्था बनाना
काफीसमय से विधायकों को आईटी ट्रेनिंग देने की बात चल रही है। आखिरकार इस सत्र में पांच दिन ट्रेनिंग देने की तैयारी हो गई है। इसके बाद इन्हें बाकी सुविधाओं से लैस किया जाएगा। इससे समय और धन की बचत होगी।
भगवानदेवईसराणी, प्रमुखसचिव, मप्र विधानसभा
ऑनलाइन भेजेंगे प्रश्न
विधायकोंका कम्प्यूटर फ्रेंडली होने का एक प्रमाण यह है कि अब तक केवल 91 विधायक ही लैपटॉप खरीद पाए हैं। शेष विधायकों ने कोई सूचना नहीं दी है। इस वजह से लगातार ट्रेनिंग देने का कार्यक्रम टलता रहा था। हालांकि इस बार विधानसभा में ही दो स्थान पर ट्रेनिंग की व्यवस्था की गई है। ट्रेनिंग के बाद विधायकों को नेट के लिए डाटा कार्ड दिया जाएगा और उनकी आईडी बनाई जाएगी। इसकी मदद से विधायक अपने विस क्षेत्र में बैठकर ऑनलाइन प्रश्न विधानसभा को भेज सकेंगे।
नजरआएंगे दुर्लभ फोटो
विधानसभाकी दीवारों पर एलईडी स्क्रीन भी लगाई गई हैं। इनमें प्रश्न पूछने वाले विधायकों के चेहरे, नाम पार्टी का नाम दिखाई देगा। वहीं गैलेरी में जहां विधायक बैठते हैं, उसके ठीक पीछे आठ दुर्लभ फोटो लगाए जा रहे हैं। इनमें मप्र की पहली कैबिनेट का शपथ ग्रहण समारोह, राजमाता सिंधिया का विधायकों के साथ राजभवन की ओर कूच, चीफ जस्टिस हिदायतउल्ला द्वारा पट्टाभि सीतारमैया को