ग्वालियर. डीएसपी महीपाल सिंह यादव की बेटी मोनिका की जगह पीएमटी देने वाली सॉल्वर स्वाति सिंह को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। स्वाति ने मोनिका को सेलेक्ट करवाने के बाद पीएमटी फर्जीवाड़ा के मास्टर माइंड विशाल यादव की पत्नी प्रियंका की जगह पर भी परीक्षा दी थी। दोनों की जगह परीक्षा देने पर उसे एक-एक लाख रुपए मिले थे।
एएसपी वीरेंद्र जैन को लेडी सॉल्वर स्वाति ने बताया कि उसने अपने दोस्त विजय सक्सेना के साथ 2007 में कानपुर में मेडिकल की तैयारी की थी। परीक्षा के बाद दोनों का सेलेक्शन बीएएमएस में हो गया। इन्होंने लखनऊ कॉलेज में प्रवेश ले लिया था। लेकिन दोनों ने तय किया कि उन्हें एमबीबीएस करना है, चाहे दोबारा तैयारी करना पड़े। दोनों तैयारी करने फिर कानपुर आ गए। तैयारी के बाद विजय काे 2008 में आगरा मेडिकल कॉलेज में प्रवेश मिल गया। अगले साल स्वाति का एडमिशन बनारस मेडिकल कॉलेज में हो गया।
विजय का दोस्त शैलेंद्र निरंजन जीआरएमसी का छात्र था। शैलेंद्र से उसके दोस्त दीपक यादव ने लेडी सॉल्वर का इंतजाम कराने को कहा। शैलेंद्र ने विजय से कहा कि वह अपनी दोस्त स्वाति को सॉल्वर बनाकर भेज दे तो उसे अच्छे-खासे रुपए मिल जाएंगे।
विजय के कहने पर स्वाति राजी हो गई और 2009 में मोनिका की जगह पीएमटी दी। 2010 में दीपक के दोस्त विशाल यादव ने अपनी पत्नी प्रियंका की जगह पीएमटी में फिर स्वाति को बैठाया था। दोनों परीक्षाअों के एवज में शैलेंद्र निरंजन को साढ़े छह लाख रुपए मिले थे, शैलेंद्र ने चार लाख विजय को दिए और विजय ने दो लाख रुपए स्वाति को।
स्वाती व विजय रिमांड पर: जेएमएफसी संजीव पालीवाल की रिमांड कोर्ट ने रविवार को फर्जीवाड़े की आरोपी स्वाति सिंह को 11 फरवरी व विजय सक्सेना को 12 फरवरी तक रिमांड पर भेजने के आदेश दिए।
मेरे साथ एक और लेडी सॉल्वर आई थी
लेडी सॉल्वर स्वाति ने बताया-मेरे साथ एक और लेडी सॉल्वर आई थी। वह भी किसी छात्रा की जगह परीक्षा में बैठी थी। पुलिस अब दूसरी लेडी सॉल्वर की तलाश कर रही है। ताकि फर्जी छात्रा के बारे में भी सुराग लग सके। स्वाति बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी के मेडिकल कॉलेज की छात्रा है। स्वाति के पिता नकुल सिंह कन्हेरे बुलंद शहर में आयुर्वेदिक डॉक्टर हैं।