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नौकरी के लिए सड़क पर लिया टेस्ट और ठग लिए 5 लाख, थाने के बाहर मिली धमकी

7 वर्ष पहले
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ग्वालियर. दिल्ली के एक हलवाई के दो बेटों को बीएसएफ में हवलदार बनाने का झांसा देकर एक व्यक्ति ने पांच लाख रुपए ठग लिए। स्टेशनरी की दुकान चलाने वाला ठग इन दोनों को टेकनपुर में बीएसएफ अकादमी के दरवाजे पर ले जाकर खड़ा कर देता था। खुद इधर-उधर घूमकर लौट आता था और कहता था कि पक्की जुगाड़ लगाकर आया हूं। उसने टेकनपुर में सड़क किनारे दोनों युवकों को दौड़ लगवाकर कहा कि अब तुम्हारा फिजीकल टेस्ट हो गया।
टेस्ट से संबंधित दस्तावेज भी उसने इन युवकों को दे दिए। जब युवकों ने इस पर आपत्ति जताई तो झांसे बाज ने कहा कि उसकी टॉप लेवल एप्रोच है, इसलिए उसका सारा काम आसानी से हो जाता है। शुक्रवार को वह इन युवकों को ज्वाइनिंग दिलवाने के बहाने यहां लाया और दौलतगंज स्थित सरस्वती लॉज में ठहरा था। शक होने पर ठगी के शिकार बने युवकों ने कोतवाली थाने की पुलिस को सूचना दे दी। पुलिस ने इसे पकड़कर पूछताछ की तो यह फर्जीवाड़ा सामने आ गया।
दिल्ली में हलवाई का काम करने वाले राजेंद्र सिंह बघेल के नजदीक ही स्टेशनरी की दुकान चलाने वाले ब्रह्मदत्त कालिया निवासी निहाल विहार कॉलोनी दिल्ली का आना-जाना था। बीते अप्रैल में ब्रह्मदत्त ने इनसे कहा कि बीएसएफ में उसकी अच्छी पहचान है। वह कुछ रुपए खर्च करे तो उसके दोनों बेटों मनोज और मगनेश को बीएसएफ में हवलदार बनवा सकता है।
इसके बाद मई में ब्रह्मदत्त दोनों युवकों को लेकर बीएसएफ अकादमी टेकनपुर आया। यहां पर उसने दोनों को सड़क पर दौड़ लगवाई और फिजीकल टेस्ट में पास होने का सर्टिफिकेट भी दे दिया। इस बीच ब्रहदत्त ने इन दोनों से पांच लाख रुपए भी ले लिए। इनमें कुछ राशि नगद और कुछ कैलाश गोयल नामक व्यक्ति के बैंक एकाउंट में जमा कराई गई।
ब्रह्मदत्त कुछ दिनों तक दोनों युवकों को दिल्ली में ट्रेनिंग कराने के बहाने उलझाये रखा। इसके बाद गुरुवार की शाम को वह मनोज काे यह कहकर लाया था कि अब सीधे टेकनपुर में ज्वाइन करा देते हैं। मनोज उसके साथ ग्वालियर आ गया पर इस बीच उसे ठगे जाने का अहसास हो गया था। लिहाजा, यहां आने के बाद उसने सीएसपी लश्कर दीपक भार्गव से संपर्क कर पूरा मामला बताया।
श्री भार्गव ने टीआई कोतवाली एसके चतुर्वेदी, एएसआई प्रमोद शर्मा और सिपाही हेमंत सिंह के साथ दबिश देकर इसे हिरासत में लेकर पूछताछ की तो मामले का खुलासा हो गया। इसके पास से बीएसएफ का फर्जी आइडेंटिटी कार्ड, मेस कार्ड, मेडिकल कार्ड, बीएसएफ अकादमी का फर्जी पत्र, मेडिकल टेस्ट सर्टिफिकेट और फर्जी तरीके से बनाया गया चरित्र सत्यापन प्रमाण पत्र भी मिला है। वहीं ब्रह्मदत्त का कहना है कि उसे फंसाया जा रहा है, वह यह सब अशोक सर के कहने पर कर रहा था। पुलिस अशोक सर और कैलाश गोयल के बारे में पता कर रही है।