(तिघरा में झील महोत्सव के स्वागत को तैयर प्रवासी पंछी)
ग्वालियर। ठहरे हुए पानी में प्रवासी पक्षियों की अठखेलियाँ, तो कहीं नावों की एक दूसरे से आगे निकलने की होड़। रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम और विविध रोमांचक प्रतियोगिताओं की जुगलबन्दी। मौका होगा "झील महोत्सव" का।
प्रदेश सरकार की पहल पर शहर के 100 साल से भी ज्यादा पुराने तिघरा जलाशय पर 14 व 15 फ़रवरी को यह महोत्सव आयोजित होने जा रहा है।
इस आयोजन की तैयारियों के सिलसिले में कलेक्टर श्री पी नरहरि थोड़ी देर में तिघरा पर अधिकारियों की बैठक ली। तय किया गया कि "झील महोत्सव में आकर्षक इनामी प्रतियोगिताएं भी संचालित की जाएंगीं। इसके लिए
प्रविष्टियाँ 10 फ़रवरी तक आमंत्रित की गई हैं। विभिन्न श्रेणियों में प्रथम पुरस्कार-20,000, द्वतीय-15,000 एवं तृतीय पुरस्कार-10,000 रूपये व 2,000 रूपये के 5 सांत्वना पुरस्कार दिए जाएंगे।
ये प्रतियोगिता होंगी आयोजित
- जल संरक्षण व संवर्धन, जल-संरचना, पानी के महत्व आदि को दर्शाते फोटोग्राफ स्वीकार होंगे।
फोटोग्राफी प्रतियोगिता का विषय ' जल एक रूप अनेक' रखा गया है। - फोटोग्राफ का आकार 12×18 रखा गया है।
- एक छायाकार के 5 फोटोग्राफ स्वीकार होंगे। फोटोग्राफ 10 फरवरी तक कार्यालयीन समय में मोतीमहल स्थित संभागीय जनसंपर्क कार्यालय में जमा किये जा सकते हैं।
- शौकिया एवं प्रोफेशनल छायाकार ले सकते हैं हिस्सा।
- चयनित फोटोग्राफ की झील महोत्सव में प्रदर्शनी भी लगाई जायेगी।
- झील महोत्सव में रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ होंगी रोमांचक प्रतियोगिताएँ।
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