ग्वालियर. अब जिले की पुलिस को अपराधियों की जानकारी व इनसे संबंधित डाटा हासिल करने और देश भर की पुलिस को शेयर करने में काफी आसानी होगी। महज एक क्लिक पर पुलिसकर्मी क्राइम एंड क्रिमिनल ट्रेकिंग नेटवर्क एंड सिस्टम (सीसीटीएनएस) सॉफ्टवेयर की सहायता से ऐसा कर सकेंगे।
ताकि अपराधों पर अंकुश लगाया जा सके और कागजी काम में उलझी रहने वाली पुलिस स्मार्ट तरीके से इन कामों को निपटा सके। बुधवार को एक सेमिनार आयोजित कर सॉफ्टवेयर चलाने की ट्रेनिंग विश्वविद्यालय के राजनीति विज्ञान सभागार में पुलिसकर्मियों को दी गई। इसमें 76 पुलिसकर्मियों ने हिस्सा लिया।
प्रदेश में पांच साल पहले सीसीटीएनएस प्राेजेक्ट शुरू किया गया था। इस प्रोजेक्ट के माध्यम से देश भर में अपराध और अपराधियों से संबंधित डाटा ऑनलाइन किया जाना था। देश के अधिकांश प्रदेशों में इस सॉफ्टवेयर का इस्तेमाल किया जा रहा है। अब शहर में भी इसे जल्द से जल्द लागू करने की तैयारी है। प्रोजेक्ट के तहत सभी थानों में कंप्यूटर लगा दिए गए हैं। केबलिंग का काम भी अंतिम दौर में पहुंच चुका है।
सीसीटीएनएस के लिए पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षित करने का काम भी चल रहा है। बुधवार को ट्रेनर श्री सुमित सिंह साहनी ने सेमिनार में 76 पुलिसकर्मियों को बताया कि वे कैसे इस सॉफ्टवेयर की मदद से काम को जल्दी और बेहतर ढंग से कर सकते हैं। सेमिनार में जिला कंप्यूटर ट्रेनिंग अधिकारी आसिफ सिद्दीकी भी मौजूद थे।
हमने कंप्यूटर सीख लिया तो हमारे ऊपर ही लादे जा रहे हैं सारे काम : सेमिनार में शामिल होने के लिए आए कुछ पुलिसकर्मियों ने यह भी सवाल उठाया कि उन्होंने कंप्यूटर सीख लिया है तो अब कंप्यूटर से संबंधित सारे काम हम लोगों से ही कराए जा रहे हैं। सामान्य पुलिसिंग से संबंधित काम भी दिए जा रहे हैं। इससे हम लोगों पर काम का बोझ बढ़ गया है। इस पर ट्रेनर श्री सिंह ने कहा कि अभी जो मेहनत करनी पड़ रही है वह आपके लिए आगे सहूलियत साबित होगी।