महिलाएं लेती थीं घरों की टोह, पुरुष करते थे वारदात
चितावद में ज्वेलर्स को लूटने वाले रंगेहाथ पकड़ाए बदमाशों ने पूछताछ में कई चौंकाने वाले खुलासे किए हैं। भंवरकुआं पुलिस द्वारा की गई पूछताछ में आरोपियों ने बाणगंगा थाना क्षेत्र स्थित ममता ज्वेलर्स की दुकान में हुई सात लाख की चोरी की वारदात भी कबूली है। आरोपियों ने बताया उनके घर की महिलाएं दिन में घरों से पुराने कपड़े लेकर बर्तन देने का काम करती थीं। इस दौरान वे धनी लोगों (खासकर ज्वेलरी की दुकान चलाने वालों) की तमाम जानकारी जुटा लेती थीं। फिर दूसरे दिन सुबह आरोपी दुकानदार के यहां वारदात को अंजाम देते थे।
पुलिस के अनुसार शनिवार को चितावद में ज्वेलर अमित सोनी जब दुकान खोल रहे थे तो ताले में रेत डली हुई थी। जब वे ताला खोलने की मशक्कत कर रहे थे, तभी तीन आरोपियों ने उनका हजारों रुपए से भरा बैग लूट लिया था, लेकिन दुकानदार की हिम्मत व लोगों की मदद से दो आरोपी पकड़े गए। उन्होंने ही पूछताछ में अन्य वारदात कबूली।
चार लोग मिलकर करते थे वारदात- थाना प्रभारी राजेंद्र सोनी के मुताबिक आरोपियों श्रवण यादव और सूरज यादव ने बताया उनका चार लोगों का गिरोह है। दो सदस्य रात में जाकर किसी एक दुकान के ताले के छेद में फेविकोल या रेती डाल देते थे। सुबह दुकानदार ताला खाेलने में उलझ जाता था, तब तक उसे लूट लेते थे। आरोपी पुलिस को लगातार झूठ बोलते रहे। उनका मूल पता होशंगाबाद के बजाय उड़ीसा का निकला। फिलहाल आरोपी पुलिस रिमांड पर हैं। उनसे अन्य वारदातों के भी खुलासे की उम्मीद है। उनसे पूछताछ की जा रही है।