जनशिक्षकों के लिए जरूरी ई-अटेंडेंस
संभागायुक्तके 3 दिसंबर 2014 को जारी आदेश के तहत फिलहाल वे शिक्षक जिन्होंने ई-अटेंडेंस के लिए पंजीयन करवा लिया है या भविष्य में ऐसा करने वाले हैं, उनकी उपस्थिति 8 दिसंबर के बाद ई-अटेंडेंस से ही दर्ज होगी। हालांकि इस माध्यम में अगर कोई शिक्षक गैरमौजूद रहता है या देरी से स्कूल पहुंचता है तो भी उसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी।
ई-अटेंडेंस से उपस्थिति दर्ज करने से सॉफ्टवेयर का वास्तविक परीक्षण संभव होगा। फिलहाल जनशिक्षकों के लिए अधिकारियों ने इसका पंजीयन करवाना जरूरी कर दिया है। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डाइट) में हाल ही में आयोजित बैठक में संयुक्त संचालक (लोक शिक्षण) और जिला परियोजना समन्वयक ने जनशिक्षकों को ई-अटेंडेंस की एप्लीकेशन डाउनलोड कर इसी माध्यम से अपनी उपस्थिति दर्ज करवाने के निर्देश दिए हैं। >शेष पेज 3 पर