जबलपुर. वन्य प्राणियों का शिकार करने के लिए कुख्यात पारधी गिरोह के कुछ सदस्यों को पकड़ने में सफलता मिली है। सबसे बड़ी बात यह है कि गिरोह में ज्यादातर संख्या महिलाओं की रही है। इसमें से 4 शिकारी महिलाओं को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया गया है। जिले में संभवत: यह पहला मामला है, जब शिकार के आरोप में महिलाओं को सींखचों में भेजा गया हो।
कटनी के जंगली क्षेत्रों में हमेशा से ही पारधी गिरोह की गतिविधियां नजर आती रही हैं। पिछले दिनों वन विभाग को इस बात की पुख्ता जानकारी मिली कि गोसलपुर के समीप पारधियों ने डेरा डाल रखा है और उनके पास बड़ी तादाद में वन प्राणियों के खाल और शिकारी औजार मौजूद हैं।
खबर मिलने के साथ ही डीएफओ एचएस मोहंता ने टीम को मौके पर रवाना किया। घेराबंदी करने के बाद टीम ने जब छानबीन की तो वन कर्मियों के पैरों तले जमीन खिसक गई।
8 खालें और 14 फंदे- वन विभाग को मौके से कुल 8 खालें हासिल हुईं हैं। इसमें से कुछ सियार की हैं, जबकि कुछ ऊदबिलाव की। इसके अलावा 14 शिकारी फंदे भी बरामद हुए हैं। टीम ने आसपास की झाड़ियों में खोजबीन की तो डेढ़ किलो कच्चा मांस भी बरामद किया गया। वन कर्मी इस का पता लगाने में जुटे हुए हैं कि मांस किस वन्य प्राणी का है?
और ये भी मिला - सिहोरा एसडीओ एके शर्मा के नेतृत्व में टीम ने मौके पर बारीकी से छानबीन की। तकरीबन आधा किमी का क्षेत्र खूब खंगाला गया। कार्यवाही के दौरान मौके से 8 लोहे के डंडे, 5 चाकू तथा 4 गुलेल बरामद हुईं हैं। टीम और भी क्षेत्रों में इनकी गतिविधियों का पता लगाने में जुटी है।
बच्चे भी जेल गए - छापामारी के अंदाज में की गई कार्यवाही में 30 से ज्यादा महिलाएं डेरे में पाईं गईं, जबकि पुरुष सदस्य नदारद रहे। मांस, खाल और हथियारों की बरामदगी के मामले में जिन 4 महिलाओं को गिरफ्तार किया गया उनके साथ छोटे बच्चे भी हैं।
नतीजतन, बच्चों को भी कानूनी कार्यवाही के तहत जेल भेज दिया गया। पुरुष सदस्यों की खोजबीन की जा रही है।