जबलपुर. उल्लेखनीय है कि बोर्ड की मुख्य परीक्षाएं मार्च के प्रथम सप्ताह में होंगी। इसके पहले विद्यार्थियों के पास खासे काम हैं, उसमें प्रायोगिक परीक्षाओं की तैयारियों के अलावा कोर्स पूरा करने जैसी समस्याएं भी हैं। कई ऐसे छात्र हैं, जिन्हें प्रश्नों के जवाब ढूंढ़े से भी नहीं मिल रहे, ऐसे में अचानक से प्री-बोर्ड का आयोजन होना उनके लिए सिरदर्द बन गया है। बोर्ड के पेपर लगातार रखे गए हैं, गैप न होने के कारण पहले ही परीक्षा का परिणाम छात्रों को समझ आ रहा है।
विशेष कक्षाओं का पता नहीं- माध्यमिक शिक्षा मंडल ने कमजोर छात्रों के लिए विशेष कक्षाएं लगाने के आदेश दिए
हैं, उसके बावजूद सरकारी स्कूलों में विद्यार्थियों का कन्यूजन दूर करने का कोई प्रयास नहीं किया गया, स्थिति दिनोंदिन और खराब होती गई। जनवरी के पूरे माह कई स्कूलों में कक्षाएं खाली ही रहीं, यही वजह रही कि छात्र-छात्राओं ने भी स्कूल जाना बंद कर दिया। कमजोर विद्यार्थियों को कोचिंग का सहारा लेना पड़ रहा है। कोचिंग संचालक भी मनमानी फीस विद्यार्थियों से वसूल रहे हैं। जो गरीब तबके के अभिभावकों की जेब पर भारी पड़ रहा है।
तैयारियां पूरी हैं
स्कूलों में प्री-बोर्ड परीक्षाएं कल से होने जा रही हैं, परीक्षाएं कराने की तैयारियां पूरी कर ली गई हैं। उसके बाद 9वीं व
11वीं की मुय परीक्षाओं का आयोजन भी इसी माह होना है।
-एसएस ठाकुर, डीईओ
कल एक फरवरी से लेकर 8 फरवरी के बीच प्री-बोर्ड की परीक्षाएं शुरू होने जा रही हैं। परीक्षाओं ने विद्यार्थियों की परेशानियों में इजाफा कर दिया है, इसकी वजह उनका कोर्स पूरा न हो पाना है। कुछ विद्यार्थियों ने तो परीक्षा में शामिल न होने का मन बनाया है। विभागीय स्तर पर भी परीक्षा को सिर्फ खानापूर्ति माना जा रहा है।
अधूरे कोर्स से होंगे शामिल, सिर्फ खानापूर्ति के लिए परीक्षा
प्रश्न पत्रों का वितरण आज कक्षा 9वीं और 11वीं के प्रश्न पत्रों का वितरण आज सुबह 11 बजे एमएलबी स्कूलों में होगा। सभी स्कूल प्राचार्यों की उपस्थिति गोपनीय सामग्री वितरण के दौरान अनिवार्य होगी। प्रात: 9 बजे से एक मीटिंग का आयोजन होगा, इसमें समग्र छात्रवृत्ति के पोर्टल के संबंध में जानकारी उपलध कराई जाएगी।