खंडवा। प्रदेश संयोजक बनने के बाद पहली बार शहर आए आलोक अग्रवाल की सभा निगम तिराहे पर हुई। इसमें 90 फीसदी कार्यकर्ता डूब प्रभावित गाव कामनखेड़ा, घोगलगांव, धाराजी, कोतमीर, इंधावड़ी, ओंकारेश्वर से आए। बमुश्किल 10 फीसदी कार्यकर्ता शहर के थे। पार्टी की सभा और कार्यकर्ता सम्मेलन पूरी तरह नबआं की तर्ज पर हुआ। अंतर इतना था कि नीले झंडों (नबआं के झंडे) के स्थान पर सफेद टोपियां दिखीं। दो घंटे देरी से शुरू हुई सभा एक घंटे चली। इसमें एनबीए का नारा लड़ेंगे जीतेंगे, हम एक हैं लगा।
अंत में नर्मदा बचाओ आंदोलन की तर्ज पर ही भजन- तेरा जीवन सफल हो जाए जपे जा रेवा मैया...गाया। यह खुद श्री अग्रवाल ने गाया। सभा को श्री अग्रवाल, सचिव अक्षय हुंका, प्रदेश कार्यकारिणी सदस्य कल्पना परुलेकर ने संबोधित किया। सभा के बाद रैली माता चौक स्थित निजी होटल तक गई। जहां कार्यकर्ता सम्मेलन हुआ। पर्यवेक्षक गौरव तिवारी ने खंडवा जोन की टीम की घोषणा की। इसमें आलोक अग्रवाल संयोजक कैलाश अवास्या सहसंयोजक होंगे। डॉ.बीपी मिश्रा जोन सहायक और खंडवा-बुरहानपुर प्रभारी, इबादत खान कोषाध्यक्ष होंगे।
विशाल जनोरिया पंधाना, भगवान मुकाती भीकनगांव, रफीक बेग रामकुंवर हरसूद, दिलीप चौहान संजय वर्मा मांधाता, मुश्ताक मलिक दिनेशचंद्र बड़वाह, महिमाराम भार्गव खरगोन, चंद्रप्रकाश राधेश्याम पाटीदार महेश्वर एवं दीपक मंडलोई बड़वानी विधानसभा प्रभारी होंगे।
मंच पर नियम विरुद्ध लगाया तिरंगा - संगठनने मंच पर नियम विरुद्ध तिरंगा लगाया। नियमानुसार राजनीतिक पार्टियों द्वारा तिरंगा के उपयोग पर रोक है। मंच पर तिरंगा वक्ता के दायीं ओर होने का नियम है। सभा में तिरंगा ऐसा लगाया कि वह वक्ताओं के बायी ओर था।
व्यवस्थापरिवर्तन के लिए बनी पार्टी - आलोकअग्रवाल ने कहा पार्टी व्यवस्था परिवर्तन का उद्देश्य लेकर आई है। इसके पूरा होने तक लड़ते रहेंगे। उन्होंने आंकड़े बताते हुए कहा महिला अत्याचार मामले में प्रदेश देश में सबसे आगे। खंडवा में सबसे ज्यादा कुपोषण है।
भाजपा डाकू तो कांग्रेस महाडाकू - पूर्व विधायक कल्पना पारूलेकर ने कहा भाजपा डाकू तो कांग्रेस महाडाकू है। दोनों ही लोगों को गुमराह कर रहे हैं। अब आम आदमी की पार्टी आई है। कल्पना पारूलेकर ने कहा कि
शिवराज सिंह, नंदकुमारसिंह अरुण यादव पोस्टर नेता हैं। अब निगम चुनाव हैं। इसमें हमें आम आदमी की ताकत दिखाना है। हिम्मत हो तो इंदौर वाले (कैलाश विजयवर्गीय) भी जाएं।
नहीं आए पुराने कार्यकर्ता - आम आदमी पार्टी की रैली और कार्यकर्ता सम्मेलन में पुराने कार्यकर्ता नहीं आए। पूर्व जिला संयोजक पियूष भंसाली, सचिव अनिल सक्सेना इनके साथ के कार्यकर्ता नजर नहीं आए। सभी पार्टी के संस्थापक सदस्य रहे हैं।
-90 फीसदी कार्यकर्ता डूब प्रभावित गांव कामनखेड़ा, घोगलगांव, धाराजी से आए।
- आम आदमी पार्टी की सभा शुरू होने के बाद भी डूब प्रभावित क्षेत्रों से लोग आते रहे और दरियां बिछाई जाती रही।