चुंगी नहीं, बारदान का पैसा ही कटेगा
> मंडी अध्यक्ष और व्यापारियों की बैठक में बनी सहमति
भास्करसंवाददाता|खंडवा
कृषिउपज मंडी में चुंगी नहीं कटेगी। केवल बारदान का ही पैसा काटा जाएगा। यह सहमति मंडी अध्यक्ष और व्यापारियों के बीच हुई बैठक में बनी। हालांकि व्यापारी बैठक में किसानों से अवैध वसूली करने से इंकार करते रहे। सोमवार शाम मंडी अध्यक्ष व्यापारियों की बैठक में किसान नहीं थे। बैठक में निर्णय लिया गया कि किसानों को मिर्च खरीदने के समय लगाई गई बोली का बिल दिया जाएगा। बिल पर दाम, किसान का नाम, गांव का नाम तौल वजन दर्ज किया जाएगा। ताकि भुगतान के समय हेराफेरी हो सके। मिर्च बेचने के समय केवल वारदान का ही पैसा काटा जाएगा हम्माल चुंगी काटते हैं तो किसान कर्मचारियों को शिकायत करेंगे। मिर्च की तुलाई के समय मंडी कर्मचारी मौजूद रहेंगे। मंडी अव्यवस्थाओं को दूर करने के लिए सात दिन का समय दिया गया है। 7 दिन के बाद भी व्यापारी तुलाई और भाव देने में मनमानी करते हैं तो कार्रवाई की जाएगी।
रविवार को चमाटी गांव के किसान मिर्च लेकर मंडी गए थे। किसान राजू गौरीशंकर ने बताया व्यापारी ने मिर्च की बोली 47 रुपए प्रति किलो लगाई थी। जब वह शाम को रुपए लेने पहुंचा तो उसे 44 रुपए के भाव से रुपए दिए गए। इसी प्रकार किसान धरमचंद, कपिल, राजू, पंढरी सहित कई किसानों ने व्यापारियों की शिकायत मंडी अध्यक्ष से की।
7 दिन का समय दिया
^व्यापारियोंकाे सात दिन का समय दिया है। फिर भी वे किसानों के साथ तुलाई दाम देने में मनमानी करते हैं तो उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।^ -आनंदमोहे, मंडीअध्यक्ष